जमशेदपुर: वरिष्ठ फोटो पत्रकार उमा शंकर दुबे के नाम का इस्तेमाल कर व्हाट्सएप ग्रुपों में आर्थिक मदद के नाम पर रुपये मांगे जा रहे हैं। इस मामले को प्रेस क्लब ऑफ जमशेदपुर ने गंभीरता से लिया है और पत्रकारों से सावधान रहने की अपील की है।
प्रेस क्लब के अध्यक्ष मनोज कुमार सिंह ने मंगलवार को जारी सूचना में स्पष्ट किया कि उमा शंकर दुबे के नाम से रुपये मांगने वाला संदेश पूरी तरह फर्जी है। इसका वरिष्ठ फोटो पत्रकार से कोई संबंध नहीं है।
बिना पुष्टि के न भेजें रुपये
मनोज कुमार सिंह ने पत्रकारों और क्लब के सदस्यों से अपील की है कि ऐसे संदेशों पर भरोसा न करें और किसी भी तरह का आर्थिक लेन-देन न करें। उन्होंने कहा कि किसी परिचित या वरिष्ठ व्यक्ति के नाम से मदद मांगने का संदेश मिलने पर पहले संबंधित व्यक्ति से उसके पुराने या आधिकारिक मोबाइल नंबर पर संपर्क कर पुष्टि जरूर करें।
उन्होंने अनजान मोबाइल नंबर, यूपीआई आईडी या बैंक खाते में बिना जांच-पड़ताल के रुपये भेजने से बचने की सलाह दी।
फर्जी संदेश आगे भेजने से बचें
प्रेस क्लब ने पत्रकारों से अपील की है कि इस फर्जी संदेश को आगे प्रसारित न करें। साथ ही अपने व्हाट्सएप ग्रुपों और संपर्कों के माध्यम से लोगों को जागरूक करें, ताकि कोई भी व्यक्ति इस तरह की धोखाधड़ी का शिकार न हो।
क्लब ने सभी पत्रकारों और आम लोगों से संदिग्ध संदेशों और आर्थिक मदद के अनुरोधों को लेकर सतर्क रहने की अपील की है।






