Moscow, Russia: यूक्रेन ने रूस के भीतर अपने सैन्य और रणनीतिक हमलों का दायरा काफी बढ़ा दिया है। हाल ही में, यूक्रेन ने रूस की प्रमुख टेक कंपनी यांडेक्स (Yandex) के मुख्य डेटा सेंटर पर ड्रोन से हमला किया। रूस के ‘गूगल’ के रूप में पहचानी जाने वाली इस बड़ी तकनीकी कंपनी पर लगातार दूसरे दिन हमला हुआ है, जिससे इसके बुनियादी ढांचे को बड़ा झटका लगा है और कई डिजिटल सेवाएं प्रभावित हुई हैं।
हमले से जुड़े मुख्य बिंदु
– कलुगा क्षेत्र में डेटा सेंटर पर हमला: शुक्रवार को मॉस्को के दक्षिण-पश्चिम में स्थित कलुगा क्षेत्र में Yandex के सबसे बड़े डेटा सेंटर को निशाना बनाया गया। इससे पहले गुरुवार को भी कंपनी के एक अन्य डेटा सेंटर पर हमला किया गया था।
– ड्रोन का इस्तेमाल और गंभीर नुकसान: यूक्रेन की हथियार निर्माता कंपनी फायरपॉइंट के अनुसार, इस हमले में एफपी-1 (FP-1) ड्रोन का उपयोग किया गया। हमले के बाद डेटा सेंटर की कई इकाइयां पूरी तरह से काम करना बंद कर चुकी हैं, जिससे Yandex के लिए अपनी सेवाओं को निर्बाध रखना एक बड़ी चुनौती बन गया है।
– Yandex का तकनीकी महत्व: Yandex रूस की सबसे बड़ी टेक कंपनियों में से एक है, जो सर्च इंजन के अलावा एआई (AI), क्लाउड कंप्यूटिंग और तमाम डिजिटल सेवाएं प्रदान करती है। रूस के करोड़ों लोग रोजाना इन सेवाओं का इस्तेमाल करते हैं।
अन्य कंपनियों और सेवाओं पर असर
डेटा केंद्रों पर हो रहे इन हमलों का असर अब अन्य डिजिटल और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर भी दिखने लगा है:
– डेटिंग ऐप और यूजर डेटा: एक स्थानीय डेटिंग ऐप के मालिक ने चिंता जताई है कि सर्वर बाधित होने के कारण यूजर्स उनकी सेवा का उपयोग नहीं कर पा रहे हैं। साथ ही, ऐप पर सुरक्षित रखे गए यूजर्स के बैकअप डेटा को लेकर भी सुरक्षा का संकट पैदा हो गया है।
– डिजिटल बुनियादी ढांचे पर दबाव: इन डेटा हब में कंपनियों के महत्वपूर्ण रिकॉर्ड, ऑनलाइन सेवाओं से जुड़ा विशाल डेटा और जरूरी फाइलें सुरक्षित रहती हैं। ऐसे केंद्रों के ठप होने से रूस के तकनीकी ढांचे पर भारी दबाव बढ़ गया है।
विश्लेषकों का मानना है कि रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे संघर्ष में अब तकनीकी और डिजिटल बुनियादी ढांचे को मोर्चे पर आमने-सामने लाया जा रहा है, जिससे आने वाले दिनों में रूसी टेक इंडस्ट्री को और बड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।




