फॉण्ट कनवर्टर NEW

Advertisement
Advertisement

रांची में कांग्रेस का उग्र प्रदर्शन : मोदी-शाह का पुतला दहन, वोट चोरी पर गरजी सड़कें

Ranchi News : राजधानी के बुढ़मू प्रखंड कांग्रेस कमेटी की ओर से बुधवार को केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह का पुतला दहन कर हाल ही

अपनी भाषा में पढ़ें

Advertisement

Ranchi News : राजधानी के बुढ़मू प्रखंड कांग्रेस कमेटी की ओर से बुधवार को केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह का पुतला दहन कर हाल ही में संपन्न हुए चुनावों में कथित धांधली और वोट चोरी के खिलाफ कड़ी आपत्ति जताई।

प्रदर्शन में शामिल नेताओं और कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान मतदाताओं की स्वतंत्रता का खुला हनन किया गया। उनका कहना था कि बड़े पैमाने पर वोटों की चोरी और हेराफेरी कर लोकतंत्र की मूल भावना को कमजोर करने का प्रयास किया गया। इसी के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने “लोकतंत्र बचाओ” और “वोट चोरी बंद करो” जैसे नारे लगाकर चुनाव आयोग की निष्पक्षता और केंद्र सरकार की नीयत पर गंभीर सवाल उठाए।

इस विरोध कार्यक्रम का नेतृत्व प्रखंड कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष बलराम साहु ने किया। मौके पर कांके विधायक सुरेश बैठा, विधायक प्रतिनिधि गोपाल तिवारी, वरिष्ठ कांग्रेस नेता जाकिर हुसैन, बबलु मुंडा, सदन साहु, मुश्ताक आलम, श्यामलाल पाहन, उमा पांडे और बिनीता समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।

ठाकुरगांव क्षेत्र कांग्रेस कार्यकर्ताओं के नारों से गूंज उठा। “वोट चोर गद्दी छोड़ो” और “लोकतंत्र की हत्या बंद करो” जैसे नारों ने माहौल को और उग्र बना दिया। हालांकि, गुस्से से भरे कार्यकर्ताओं ने अपना आक्रोश व्यक्त करते हुए भी अनुशासन बनाए रखा। प्रदर्शनकारियों ने साफ कहा कि यह आंदोलन सिर्फ कांग्रेस का आंदोलन नहीं बल्कि पूरे जनतंत्र की आवाज है।

कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि इस तरह की घटनाएं नहीं रोकी गईं तो राज्यभर में व्यापक और उग्र आंदोलन शुरू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा और मतदाताओं के अधिकारों की सुरक्षा के लिए सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष जारी रहेगा।

प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने केंद्र सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि जनता का विश्वास लूटकर सत्ता में बने रहने का प्रयास किया जा रहा है, जो देश और संविधान दोनों के लिए खतरनाक है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की जड़ें तभी मजबूत होंगी, जब चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी होगी।

इस विरोध प्रदर्शन ने एक बार फिर साबित कर दिया कि झारखंड में राजनीतिक तापमान चढ़ चुका है और आने वाले दिनों में यह संघर्ष और तेज होने वाला है।

WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now
Facebook
X
Threads
WhatsApp
Telegram