Ranchi: बंगाल की खाड़ी के उत्तर-पश्चिमी हिस्से और उससे सटे पश्चिम बंगाल व ओडिशा तट पर सक्रिय हुआ निम्न दबाव का क्षेत्र (Low Pressure Area) अब तेजी से झारखंड की ओर बढ़ रहा है। इसके प्रभाव से पूरे राज्य में मानसूनी गतिविधियां एक बार फिर से तेज हो गई हैं और अधिकांश हिस्सों में रुक-रुककर झमाझम बारिश का दौर शुरू हो गया है। मौसम विज्ञान केंद्र, रांची ने 1 सितंबर को राजधानी रांची सहित राज्य के लगभग सभी हिस्सों में हल्के से मध्यम दर्जे की बारिश होने की प्रबल संभावना जताई है।
इन सात जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार, निम्न दबाव के सिस्टम के असर से राज्य के उत्तर-पश्चिमी और दक्षिणी जिलों में जोरदार मानसूनी बारिश देखने को मिल सकती है। विभाग ने गढ़वा, पलामू, लातेहार, लोहरदगा, गुमला, सिमडेगा और पश्चिमी सिंहभूम जिलों में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश होने की चेतावनी जारी की है। इसके अतिरिक्त 2, 3 और 4 सितंबर को भी राज्य के विभिन्न इलाकों में गर्जन के साथ हल्के से मध्यम दर्जे की बारिश का सिलसिला जारी रहने का अनुमान जताया गया है।
रांची में दिनभर बारिश, महुआडांड में सबसे ज्यादा 171 मिमी वर्षा दर्ज
राजधानी रांची में सोमवार को सुबह से ही आसमान में घने बादल छाए रहे और दिनभर रुक-रुककर बारिश का दौर चलता रहा। देर शाम तक जारी रही इस बारिश के चलते शहर का मौसम सुहावना बना रहा। रांची में करीब 13 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई।
वहीं पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य के कई क्षेत्रों में रिकॉर्ड तोड़ बारिश दर्ज की गई है। सबसे अधिक 171 मिमी बारिश लातेहार जिले के महुआडांड में रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा पूर्वी सिंहभूम के डुमरिया में 112.2 मिमी, मझगांव में 95.4 मिमी, चाकुलिया में 92.4 मिमी और मुसाबनी में 80.2 मिमी पानी बरसा। इसी तरह लोहरदगा में 41 मिमी, जमशेदपुर में 49 मिमी और चाईबासा में 29.3 मिमी वर्षा दर्ज की गई है।





