Fatehpur: उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के मलवां कस्बे में सोमवार शाम एक दर्दनाक हादसे में गैस सिलेंडर फटने से दो मंजिला पक्का मकान भरभराकर जमींदोज हो गया। इस भीषण विस्फोट में चार सगे भाइयों समेत कुल पांच युवकों की मलबे में दबकर मौत हो गई, जबकि दो अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। मृतकों की उम्र 6 वर्ष से 25 वर्ष के बीच बताई जा रही है। एक ही परिवार के चार चिराग बुझने से पूरे इलाके में कोहराम मच गया है और मातम पसरा हुआ है।
500 मीटर तक सुनाई दी धमाके की गूंज
यह भयावह हादसा शाम करीब 5:30 बजे पेश आया, जब घर के भीतर खाना पकाने के दौरान गैस सिलेंडर में अचानक लीकेज हो गया और देखते ही देखते जोरदार धमाका हो गया। विस्फोट इतना तीव्र था कि उसकी आवाज 500 मीटर दूर तक सुनाई दी और पड़ोस के कई मकानों में दरारें आ गईं तथा खिड़की-दरवाजे हिल गए। हादसे में जान गंवाने वालों की शिनाख्त कुणाल, आलोक, अर्पित, वेद और यश के रूप में हुई है, जिनमें से चार सगे भाई थे। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस, प्रशासनिक अधिकारी और दमकल विभाग की गाड़ियां आनन-फानन में मौके पर पहुंचीं।
जेसीबी से हटाया गया मलबा, एसडीआरएफ तैनात
इलाके की संकरी गली होने के कारण शुरुआत में बचाव दल और फायर ब्रिगेड को घटनास्थल तक पहुंचने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। इसके बाद तुरंत जेसीबी मशीनों को लगाकर मलबे को हटाने का रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक ने बताया कि मलबे से कुल सात लोगों को बाहर निकालकर मेडिकल कॉलेज फतेहपुर भेजा गया, जहां डॉक्टरों ने पांच को मृत घोषित कर दिया। दो गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों का अस्पताल में सघन इलाज चल रहा है। राहत और बचाव कार्य को तेज करने के लिए एसडीआरएफ की टीम को भी तलब किया गया है।
चार सिलेंडर मिले, दो फटने की आशंका
पुलिस के अनुसार, दुर्घटनास्थल से कुल चार गैस सिलेंडर बरामद हुए हैं, जिनमें से प्राथमिक तौर पर दो सिलेंडरों के फटने की आशंका जताई जा रही है। हादसे के वास्तविक तकनीकी कारणों का पता लगाने के लिए फॉरेंसिक टीम और अग्निशमन विशेषज्ञ मौके पर जांच कर रहे हैं। वहीं, अपने मासूम बच्चों को खोने के गहरे सदमे से गृहस्वामी सुरेश उर्फ धुन्नर गुप्ता की तबीयत बिगड़ गई है, जिन्हें चिकित्सकों की देखरेख में चिकित्सीय सहायता दी जा रही है।




