नई दिल्ली: दिवाली से पहले मनाया जाने वाला धनतेरस इस साल 6 नवंबर को मनाया जाएगा। इस दिन बाजारों में खरीदारी की खास रौनक रहती है। मान्यता है कि धनतेरस पर नई चीजें घर लाने से सुख-समृद्धि और खुशहाली आती है। यही वजह है कि लोग इस दिन सोने-चांदी से लेकर बर्तन और पूजा की सामग्री तक खरीदते हैं।
हालांकि, धनतेरस पर शुभ खरीदारी के लिए सोना-चांदी लेना जरूरी नहीं है। कई ऐसी छोटी-छोटी चीजें भी हैं, जिन्हें खरीदना धार्मिक दृष्टि से शुभ माना जाता है।
धनतेरस पर इन चीजों की खरीदारी मानी जाती है शुभ
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, धनतेरस के दिन अपनी जरूरत और बजट के हिसाब से इन चीजों को घर ला सकते हैं।
- सोना-चांदी: आभूषण और सिक्के खरीदने की परंपरा है।
- पीतल और तांबे के बर्तन: इन्हें शुभ और मंगलकारी माना जाता है।
- स्टील और कांसे के बर्तन: जरूरत के अनुसार इनकी भी खरीदारी कर सकते हैं।
- झाड़ू: धार्मिक मान्यता के अनुसार इसे मां लक्ष्मी से जोड़कर देखा जाता है।
- धनिया के बीज: इन्हें समृद्धि का प्रतीक माना जाता है।
- लक्ष्मी-गणेश की मूर्ति: दिवाली पूजा के लिए खरीदी जाती है।
- गोमती चक्र और कौड़ी: पूजा में इनका विशेष महत्व माना जाता है।
- दीये और पूजा सामग्री: दिवाली की तैयारी के लिए इन्हें खरीदना शुभ माना जाता है।
धनतेरस पर खरीदी गई चीजों की ऐसे करें पूजा
इस दिन खरीदी गई वस्तुओं को घर लाने के बाद सबसे पहले साफ करें। इसके बाद गंगाजल छिड़ककर उन्हें पवित्र करें। पूजा स्थल पर रखकर मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा करें। वस्तुओं पर कुमकुम का तिलक लगाएं और फूल अर्पित करें।
धार्मिक मान्यता के अनुसार, खरीदी गई वस्तुओं को दिवाली तक पूजा स्थल पर रखना शुभ माना जाता है।
बजट कम है तो धनिया के बीज खरीद सकते हैं
धनतेरस पर सोना-चांदी खरीदना हर किसी के बजट में नहीं होता। ऐसे में महंगी खरीदारी करने की जरूरत नहीं है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन धनिया के बीज खरीदना भी शुभ माना जाता है।
मान्यता है कि धनिया के बीज सुख-समृद्धि और खुशहाली के प्रतीक हैं। इसलिए कम बजट वाले लोग भी अपनी सामर्थ्य के अनुसार इनकी खरीदारी कर सकते हैं।
पीतल और तांबे के बर्तनों का क्यों है महत्व?
धनतेरस पर बर्तन खरीदने की परंपरा भगवान धन्वंतरि से जुड़ी हुई है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, समुद्र मंथन के दौरान भगवान धन्वंतरि अमृत कलश लेकर प्रकट हुए थे। इसी कारण धनतेरस पर नए बर्तन खरीदना शुभ माना जाता है।
इस दिन खासतौर पर पीतल और तांबे के बर्तन खरीदने की परंपरा है। इसके अलावा स्टील और कांसे के बर्तन भी खरीदे जा सकते हैं।
ध्यान रखें: धनतेरस पर खरीदारी का उद्देश्य खुशियां और शुभता से जुड़ा है। इसलिए किसी भी वस्तु को अपनी जरूरत और आर्थिक क्षमता के अनुसार ही खरीदें।






