Hazaribagh: पेलावल में घर चोरी की वारदात का पुलिस ने महज 24 घंटे के अंदर खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। पेलावल ओपी क्षेत्र के छड़वा पंचायत अंतर्गत रोमी गांव में हुई इस चोरी की घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी थी, लेकिन पुलिस की त्वरित कार्रवाई से चोरों तक पहुंचना संभव हो सका।
पेलावल में घर चोरी का ऐसे हुआ खुलासा
पुलिस सूत्रों के अनुसार, 23 अगस्त को छड़वा पंचायत के रोमी निवासी प्रदीप राणा ने पेलावल ओपी में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि अज्ञात चोरों ने उनके घर का ताला तोड़कर कीमती जेवरात, नकदी और मोबाइल फोन समेत अन्य सामान की चोरी कर ली है। इस शिकायत के आधार पर कटकमसांडी (पेलावल ओपी) थाना में कांड संख्या 131/26 दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएसपी मुख्यालय ज्ञान रंजन के नेतृत्व में एक विशेष छापामारी टीम का गठन किया गया।
इस टीम में इंस्पेक्टर सपन महथा, पेलावल ओपी प्रभारी बिट्टू रजक के अलावा पुलिस पदाधिकारी, तकनीकी शाखा के कर्मी और सशस्त्र बल के जवान शामिल थे। टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और परिस्थितिजन्य सबूतों को आधार बनाकर संभावित ठिकानों पर दबिश दी। इसी क्रम में मंडई कला से दो संदिग्धों मोहम्मद महताब (30) और मोहम्मद शमीर कुरैशी (25) को हिरासत में लिया गया। कड़ाई से पूछताछ करने पर दोनों ने चोरी की वारदात में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली।
गिरफ्तार आरोपियों का विवरण
- मोहम्मद महताब: उम्र लगभग 30 वर्ष, निवासी मंडई कला।
- मोहम्मद शमीर कुरैशी: उम्र लगभग 25 वर्ष, निवासी मंडई कला।
पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी स्थानीय स्तर पर सक्रिय थे और मौके की फिराक में रहते थे। तकनीकी सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज की जांच से इनकी पहचान पुख्ता हुई, जिसके बाद गिरफ्तारी संभव हो सकी।
बरामद सामान की पूरी सूची
गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने चोरी गया सारा माल बरामद कर लिया है। बरामद सामान में सोने और चांदी के जेवरात के अलावा नकदी और इलेक्ट्रॉनिक सामान शामिल हैं। विस्तृत सूची इस प्रकार है:
- सोने का कान का टॉप (एक जोड़ा)
- चांदी की पायल (एक जोड़ा)
- सोने की अंगूठी
- सोने का मंगलसूत्र
- पांच कलाई घड़ियां
- 55,750 रुपये नकद
- पांच मोबाइल फोन (विभिन्न कंपनियों के)
- वारदात में प्रयुक्त TVS मोटरसाइकिल (रजिस्ट्रेशन नंबर JH02BG-7117)
पुलिस ने बताया कि बरामद मोटरसाइकिल का इस्तेमाल चोरों ने घटनास्थल पर आने-जाने के लिए किया था। वाहन को जब्त कर फोरेंसिक जांच के लिए भेजा जा सकता है।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई बनी मिसाल
डीएसपी मुख्यालय ज्ञान रंजन ने बताया कि तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर की गई त्वरित कार्रवाई से मामले का अल्प समय में सफल उद्भेदन किया गया। उन्होंने कहा कि इस तरह की त्वरित कार्रवाई से अपराधियों में भय का माहौल बनता है और आम जनता का पुलिस पर विश्वास मजबूत होता है। छापामारी टीम के सभी सदस्यों को इस सफलता के लिए पुरस्कृत करने की अनुशंसा की जाएगी।
इस घटना के खुलासे से स्थानीय ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस की सक्रियता से चोरों के हौसले पस्त हुए हैं। झारखंड पुलिस की इस कार्यशैली की सराहना हो रही है। हजारीबाग जिला में अपराध नियंत्रण की दिशा में इसे एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
फिलहाल दोनों गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि इनका पूर्व का कोई आपराधिक रिकॉर्ड तो नहीं है या ये किसी गिरोह के सदस्य तो नहीं हैं। आगे की जांच जारी है।




