Jamshedpur: झारखंड के औद्योगिक शहर जमशेदपुर में श्रमिक राजनीति से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। प्रमुख श्रमिक संगठन इंटक (INTUC) में एक बार फिर से पुराने और अनुभवी नेताओं अंजनी पांडे तथा रवि नंदन सिंह की घर वापसी हो गई है। इस अवसर पर आयोजित विशेष कार्यक्रम में इंटक के प्रदेश अध्यक्ष राकेश्वर पांडे ने दोनों नेताओं का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि अंजनी पांडे और रवि नंदन सिंह लंबे समय से मजदूरों के अधिकारों और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए पूरी निष्ठा के साथ संघर्ष करते रहे हैं। संगठन में शामिल होने वाले इन नेताओं का मानना है कि इंटक जैसा मजबूत और सक्रिय मंच मजदूरों की सेवा के लिए सबसे बेहतरीन प्लेटफॉर्म है।
मजदूर हितों के लिए प्रतिबद्ध रहेगा संगठन
कार्यक्रम के दौरान अपने संबोधन में नेता अंजनी पांडे ने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ उद्योग हैं और उद्योगों की असली रीढ़ हमारे मेहनतकश मजदूर हैं। ऐसे में मजदूरों के हितों की रक्षा करना और उनके हर सुख-दुख में मजबूती से खड़े रहना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। वक्ताओं ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि इंटक के माध्यम से श्रमिकों को उनका बनता मान-सम्मान और कानूनी अधिकार दिलाने के लिए वे अपनी पूरी क्षमता के साथ मैदान में उतरकर काम करेंगे।
बेहतर कार्यशैली और संगठन पर अटूट भरोसा
बीच के कुछ समय में अन्य संगठनों या गतिविधियों से जुड़े रहने के बाद, इन अनुभवी नेताओं ने यह महसूस किया कि इंटक की कार्यशैली और मजदूरों के प्रति उसकी ऐतिहासिक प्रतिबद्धता अद्वितीय है। यही मुख्य कारण है कि उन्होंने अपनी पूरी टीम के साथ एक बार फिर इंटक का दामन थाम लिया है। संगठन के वरिष्ठ नेताओं ने नए और पुराने सदस्यों का स्वागत करते हुए पूरा विश्वास जताया है कि इन अनुभवी चेहरों के जुड़ने से स्थानीय स्तर पर मजदूर आंदोलन को एक नई ऊर्जा और मजबूती मिलेगी।
इस महत्वपूर्ण अवसर पर अंजनी पांडेय, रवि नंदन सिंह, राष्ट्रीय महिला संगठन सचिव शिखा चौधरी, राष्ट्रीय महिला सचिव उषा सिंह, इंटक की मधुबाला, टिनप्लेट यूनियन के उपाध्यक्ष परविंदर, महासचिव मनोज सिंह, नितेश शर्मा, अमित ओझा, विश्वजीत पांडा, मंटोष पांडेय, तबरेज और अमित सिंह सहित कई गणमान्य श्रमिक नेता और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहे।







