रांची: रांची जिले के बेड़ो प्रखंड स्थित खुखरा पंचायत के बांदूपारा गांव में मंगलवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डालसा) की ओर से विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। ‘विधिक सेवा आपके द्वार’ अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में ग्रामीणों को नालसा की जागृति-2025 योजना और पेसा एक्ट की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों और समाज के कमजोर वर्गों को उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करना था। इस दौरान ग्रामीणों को मुफ्त कानूनी सहायता, ग्राम सभा के अधिकार और राष्ट्रीय लोक अदालत के बारे में भी बताया गया।
वरिष्ठ नागरिकों के अधिकारों की दी गई जानकारी
कार्यक्रम में पीएलवी मंगल तिर्की ने जागृति-2025 योजना के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस योजना का उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों और कमजोर वर्गों को कानूनी रूप से सशक्त बनाना और उनके अधिकारों की रक्षा करना है।
वहीं, पीएलवी सधनी कुमारी और दिनेश प्रमाणिक ने वरिष्ठ नागरिकों के भरण-पोषण अधिनियम, 2007 और उनके कानूनी अधिकारों के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि आर्थिक परेशानी या शारीरिक अक्षमता के कारण अदालत नहीं पहुंच पाने वाले बुजुर्गों को घर पर ही मुफ्त कानूनी सलाह और सहायता देने का प्रावधान है।
पेसा एक्ट और ग्राम सभा के अधिकारों पर चर्चा
पीएलवी सरिता कुमारी ने ग्रामीणों को पेसा एक्ट के तहत ग्राम सभा के अधिकारों की जानकारी दी। उन्होंने आदिवासी बहुल क्षेत्रों में जल, जंगल और जमीन के संरक्षण में ग्राम सभा की भूमिका के बारे में भी बताया।
इस दौरान ग्रामीणों को कानूनी सहायता के लिए नालसा के टोल फ्री नंबर 15100 की जानकारी दी गई। साथ ही मध्यस्थता, लोक अदालत और डालसा की कार्यप्रणाली के बारे में भी समझाया गया।
कार्यक्रम में आगामी 12 दिसंबर को होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के बारे में भी ग्रामीणों को जानकारी दी गई।
अधिकारियों के मार्गदर्शन में हुआ आयोजन
यह कार्यक्रम झारखंड हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति सह झालसा के कार्यकारी अध्यक्ष सुजीत नारायण प्रसाद के दिशा-निर्देश पर आयोजित किया गया।
झालसा की सदस्य सचिव रंजना अस्थाना और रांची के न्यायायुक्त सह डालसा अध्यक्ष अनिल कुमार मिश्रा के मार्गदर्शन में कार्यक्रम संपन्न हुआ। इसका नेतृत्व डालसा सचिव राकेश रौशन ने किया।
मौके पर पीएलवी मंगल तिर्की, सधनी कुमारी, दिनेश प्रमाणिक और सरिता कुमारी सहित खुखरा पंचायत के कई ग्रामीण मौजूद रहे।






