झारखंड सरकार द्वारा जेएसएससी-सीजीएल (JSSC-CGL) और टीडीपीएल (TDPL) की 44 प्रतियोगी परीक्षाओं को रद्द किए जाने के बाद, परीक्षा पास कर चुके (सफल) अभ्यर्थियों ने अपनी नौकरी बचाने और फैसले के विरोध में रांची में नए सिरे से आंदोलन और प्रदर्शन शुरू कर दिया है।
आंदोलन और विरोध के मुख्य बिंदु
- सफल अभ्यर्थियों का विरोध: परीक्षा पास करके चयनित हुए उम्मीदवार रांची में प्रोजेक्ट भवन और राज्य सचिवालय के बाहर सड़कों पर उतर आए हैं।
- रोजगार पर संकट: सफल अभ्यर्थियों का कहना है कि धांधली की जांच होनी चाहिए, लेकिन पूरी परीक्षा को अचानक रद्द करने से ईमानदार छात्रों के भविष्य पर अनिश्चितता और नौकरी जाने का खतरा मंडरा रहा है।
- प्रमुख मांगें: प्रदर्शनकारियों और छात्रों की मांग है कि सामूहिक रूप से परीक्षाएं रद्द करने के बजाय दोषियों पर निष्पक्ष कार्रवाई की जाए और वे इस फैसले के खिलाफ कानूनी व लोकतांत्रिक लड़ाई लड़ रहे हैं।
- सीबीआई जांच की मांग: पेपर लीक और गड़बड़ी की पूरी सच्चाई सामने लाने के लिए अब सफल और असफल दोनों ही पक्षों के छात्र सीबीआई (CBI) जांच की मांग पर अड़े हुए हैं।




