नाबालिग के किडनैप और रेप के दोषी पर बड़ा फैसला, कोर्ट ने आरोपी को सुनाई उम्रकैद की सजा
व्यवहार न्यायालय खूंटी ने नाबालिग से रेप और अपहरण के चर्चित मामले में गुरुवार को चार आरोपियों को दोषसिद्धि के बाद अलग-अलग सजा सुनाई। जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम राकेश कुमार मिश्रा की अदालत ने मुख्य आरोपी तपकरा निवासी शहबाज खान को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। वहीं सह-आरोपी हसनैन अंसारी उर्फ गोलू को पॉक्सो अधिनियम के तहत 25 वर्ष, मिराज अंसारी उर्फ अरबाज अंसारी को सात वर्ष और तनीषा परवीन उर्फ गुड़िया को पांच वर्ष के कारावास की सजा सुनाई गई।
पीड़िता के पिता ने दर्ज कराया था केस
यह मामला 24 दिसंबर 2023 का है। घटना के दिन पीड़िता के पिता के बयान पर तपकरा थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। अभियोजन के अनुसार, 14 वर्षीय छात्रा चर्च से लौटने के बाद अपने एक मित्र के साथ भेलकी टोंगरी गई थी। इसी दौरान शहबाज खान और हसनैन अंसारी उर्फ गोलू मोटरसाइकिल से वहां पहुंचे। आरोप है कि दोनों ने चाकू दिखाकर छात्रा के मित्र को वहां से भगा दिया और नाबालिग को जबरन अपने साथ ले गए। अभियोजन पक्ष के अनुसार, पीड़िता को चंचलाघाघ ले जाया गया, जहां मुख्य आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद सह-आरोपी ने भी दुष्कर्म का प्रयास किया, लेकिन पीड़िता के विरोध के कारण वह सफल नहीं हो सका। बाद में मुख्य आरोपी छात्रा को घर छोड़ने का झांसा देकर अपने घर ले गया, जहां उसके साथ दोबारा दुष्कर्म किए जाने का आरोप है।
मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से लोक अभियोजक अंजू कच्छप ने पैरवी की। अदालत में 12 गवाहों के बयान दर्ज कराए गए। साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने 27 जुलाई को सभी आरोपियों को दोषी करार दिया था। गुरुवार को सजा के बिंदु पर फैसला सुनाते हुए न्यायालय ने चारों दोषियों को उनके अपराध की गंभीरता के अनुसार अलग-अलग कारावास की सजा सुनाई। अदालत के इस फैसले को पीड़िता को न्याय दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा हैं।
आरोपी के परिजनों ने पीड़िता को धमकाया
अभियोजन ने अदालत को बताया कि उस समय घर में मौजूद मिराज अंसारी उर्फ अरबाज अंसारी और तनीषा परवीन ने पीड़िता की सहायता नहीं की। आरोप है कि घर से निकलने के दौरान दोनों ने पीड़िता को डराया-धमकाया भी। किसी तरह घर पहुंचने पर पीड़िता ने अपने परिजनों को पूरी घटना की जानकारी दी, जिसके बाद प्राथमिकी दर्ज कराई गई। पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया था।




