Ranchi : HEC को लेकर झारखंड कांग्रेस ने केंद्र सरकार के खिलाफ नाराजगी जताई है। कांग्रेस के प्रदेश मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा ने कहा कि HEC को किसी भी हालत में बंद नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने केंद्र सरकार से HEC को आर्थिक संकट से बाहर निकालने के लिए 10 हजार करोड़ रुपये का विशेष पैकेज देने की मांग की। साथ ही उन्होंने कर्मचारियों के बकाया वेतन का भुगतान, पर्याप्त कार्यशील पूंजी और नई मशीनें उपलब्ध कराने की बात कही।
राकेश सिन्हा ने कहा कि HEC देश की एक महत्वपूर्ण औद्योगिक संस्था है। इसके योगदान से देश के स्टील, खनन, रक्षा, अंतरिक्ष और भारी उद्योगों को मजबूती मिली है। आज भी HEC के पास बड़ी जमीन, मशीनें, तकनीकी क्षमता और अनुभवी कर्मचारी मौजूद हैं।
उन्होंने कहा कि पैसे और आधुनिक मशीनों की कमी के कारण HEC की स्थिति खराब हो रही है। ऐसे में सरकार को कंपनी को मजबूत करने के बजाय उसकी जमीन और संपत्ति के इस्तेमाल पर ध्यान नहीं देना चाहिए।
उन्होंने 2017 की योजना का जिक्र करते हुए कहा कि HEC की जमीन से करीब 742.98 करोड़ रुपये जुटाने की योजना थी। इस रकम से कर्मचारियों और दूसरी देनदारियों को पूरा किया जाना था। उन्होंने सवाल उठाया कि जमीन के इस्तेमाल के बाद HEC के भविष्य की जिम्मेदारी कौन उठाएगा।
कांग्रेस नेता ने कहा कि HEC की स्थिति गंभीर है और केंद्र सरकार को तुरंत पुनरुद्धार योजना लागू करनी चाहिए। उन्होंने साफ कहा कि HEC को बंद करना, निजीकरण करना या उसकी जमीन बेचना कांग्रेस को मंजूर नहीं है।
उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सरकार ने जल्द कदम नहीं उठाया तो कांग्रेस HEC कर्मचारियों और झारखंड की जनता के साथ मिलकर सड़क से संसद तक आंदोलन करेगी।




