बोकारो : बोकारो स्टील प्लांट (BSL) में नौकरी की मांग को लेकर पिछले 12 दिनों से भूख हड़ताल कर रहे विस्थापित अप्रेंटिस संघ और विस्थापित परिवारों ने अपना आंदोलन समाप्त कर दिया है। गुरुवार देर रात बोकारो डीसी की पहल पर बीएसएल प्रबंधन और आंदोलनकारियों के बीच हुई बातचीत के बाद हड़ताल खत्म करने पर सहमति बनी। हालांकि, विस्थापितों को नौकरी देने की मांग पर अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है।
देर रात तक चली बैठक में बनी सहमति
जानकारी के अनुसार, विस्थापितों की मांगों को लेकर पहले वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर के साथ बातचीत हुई थी, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल सका था। इसके बाद आंदोलनकारियों ने भूख हड़ताल जारी रखी थी।
गुरुवार शाम बोकारो डीसी की पहल पर दोबारा बातचीत शुरू हुई। बोकारो निवास में रात करीब 11:30 बजे तक बैठक चली। इसमें बीएसएल प्रबंधन के अधिकारी, विस्थापितों के प्रतिनिधि और विधायक श्वेता सिंह शामिल हुईं। लंबी चर्चा के बाद आंदोलन समाप्त करने पर सहमति बनी।
विस्थापितों ने की नौकरी देने की मांग
बैठक में विस्थापितों ने चतुर्थ वर्गीय पदों पर बहाली शुरू करने और अप्रेंटिस प्रशिक्षण पूरा कर चुके युवाओं को नौकरी देने की मांग उठाई।
इस दौरान नियोजन से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा की गई। हालांकि, इन मांगों पर अंतिम फैसला सेल मुख्यालय की सहमति के बाद ही हो सकेगा। इसलिए फिलहाल विस्थापितों को नौकरी मिलने का इंतजार करना होगा।
सेल अध्यक्ष और मुख्य सचिव को भेजी जाएगी रिपोर्ट
बैठक में हुई बातचीत का ब्योरा बोकारो डीसी की ओर से राज्य के मुख्य सचिव और गृह सचिव को भेजा जाएगा। वहीं, बीएसएल प्रबंधन के अधिकारी बैठक की जानकारी सेल अध्यक्ष को भेजेंगे।
इसके बाद विस्थापितों की मांगों पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल 12 दिनों से चल रही भूख हड़ताल समाप्त होने से गतिरोध खत्म हो गया है। अब विस्थापितों को उम्मीद है कि उनकी नौकरी से जुड़ी मांगों पर जल्द सकारात्मक फैसला लिया जाएगा।




