रांची: झारखंड में JPSC और JSSC CGL परीक्षाओं में कथित पेपर लीक, भ्रष्टाचार और भर्ती प्रक्रिया में हुई गड़बड़ियों के विरोध में छात्रों का आंदोलन उग्र होता जा रहा है। अभ्यर्थियों द्वारा पूर्व से घोषित 10 अगस्त 2026 के झारखंड विधानसभा घेराव कार्यक्रम को अब राज्य के प्रमुख सामाजिक संगठन ‘केंद्रीय सरना समिति’ ने भी अपना पूर्ण समर्थन देने का ऐलान किया है।
समिति के पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि राज्य के लाखों युवाओं और छात्रों का भविष्य लगातार हो रही परीक्षा धांधलियों के कारण अंधकार में लटक गया है। छात्रों की न्यायोचित मांगों, पारदर्शी परीक्षा प्रणाली और भ्रष्टाचार के खिलाफ जारी इस संघर्ष में केंद्रीय सरना समिति कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी रहेगी।
आंदोलनकारी छात्रों की मुख्य मांग JPSC और JSSC CGL जैसी विवादित परीक्षाओं को रद्द करने, निष्पक्ष जांच एजेंसियों (CBI/ED) से पूरे प्रकरण की जांच कराने और भर्ती प्रणाली में व्यापक सुधार लागू करने की है। केंद्रीय सरना समिति के इस कदम के बाद 10 अगस्त को होने वाले विधानसभा घेराव कार्यक्रम को बड़ा सामाजिक समर्थन मिला है, जिससे प्रशासन और सरकार पर दबाव और अधिक बढ़ गया है।





