अपनी भाषा चुनेें :
बटन दबाकर थोड़ा इंतज़ार करें...
Ranchi : ग्रामीण क्षेत्रों की प्रतिभाओं को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से सिद्धार्थ इंटरनेशनल एकेडमी स्कूल में मां वैष्णवी चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से सोमवार को एक दिवसीय भव्य फुटबॉल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस दौरान खिलाड़ियों के साथ-साथ खेल और समाजसेवा के क्षेत्र में योगदान देने वालों को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण भारतीय महिला फुटबॉल टीम (U-17) की सदस्य दिव्यानी लिंडा रहीं, जिन्होंने खिलाड़ियों का जोश बढ़ाया और उन्हें तकनीकी कौशल से जुड़े अहम टिप्स भी दिए।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय फुटबॉल खिलाड़ी राखी कुमारी और कोच एनवारूल हक भी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। सभी अतिथियों ने ग्रामीण खिलाड़ियों की प्रतिबद्धता की सराहना करते हुए कहा कि संसाधनों की कमी के बावजूद झारखंड के युवा लगातार राष्ट्रीय स्तर पर राज्य का नाम रोशन कर रहे हैं। दिव्यानी लिंडा ने खिलाड़ियों के साथ एक मैत्री मैच भी खेला, जिससे युवा खिलाड़ियों में उत्साह और बढ़ गया।
दिन का मुख्य मुकाबला सिद्धार्थ इंटरनेशनल फुटबॉल क्लब और यंगर क्लब के बीच खेला गया। रोमांचक भिड़ंत में सिद्धार्थ इंटरनेशनल क्लब ने 2-1 से जीत दर्ज की और विजेता ट्रॉफी अपने नाम की। मैच में खिलाड़ियों के प्रदर्शन को देखते हुए उन्हें ट्रॉफी और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान शिक्षा और खेल के क्षेत्र में विशेष योगदान देने वाले कई लोगों को सम्मानित किया गया। सम्मानित हस्तियों में ममता कुमारी, रेणु कुमारी (अपग्रेडेड मिडिल स्कूल), गिरी हाई स्कूल की प्राचार्य रेणु कुमारी और सुनैना कुमारी, किसान हाई स्कूल के शिक्षक राजेश कुमार और धनंजय कुमार, संघमित्रा बीएड कॉलेज, पंचायत समिति सदस्य सतेंद्र कुमार और उपमुखिया फूल कुमारी शामिल थीं। सभी सम्मानित व्यक्तियों ने ग्रामीण प्रतिभाओं को संसाधन और मार्गदर्शन उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता दोहराई।
कार्यक्रम में स्कूल अध्यक्ष ए.के. तिवारी, सचिव जनार्दन पाठक, रिलेशंस निदेशक आशुतोष द्विवेदी, प्राचार्या दीपा सिन्हा और उप-प्राचार्य शैलेन्द्र सिंह विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। सभी ने आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम न केवल खेल को बढ़ावा देते हैं, बल्कि ग्रामीण युवाओं में आत्मविश्वास भी बढ़ाते हैं।
कार्यक्रम को सफल बनाने में टेक्लाल कुमार, रिशु कुमार, स्वेता कुमारी, रोहित महतो, सतरा जीत, विमला, मंजू, किरण, पुष्पा और इंद्रजीत सहित कई शिक्षकों और स्वयंसेवकों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। आयोजन समिति ने कहा कि भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम जारी रहेंगे, ताकि ग्रामीण खिलाड़ियों को बड़े मंच तक पहुंचाने में मदद मिल सके।

