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Lohardaga News: ख्रीस्त राजा पर्व पर संत बेर्नादत रोमन कैथोलिक चर्च पतराटोली लोहरदगा में रविवार को विशेष प्रार्थना और मिस्सा अनुष्ठान का आयोजन हुआ। इसमें बड़ी संख्या में मसीही विश्वासी शामिल हुए। आरसी चर्च पतराटोली में सुबह 8:00 बजे मिस्सा अनुष्ठान पल्ली पुरोहित फा. शिशिर सोरेन फा. वीरेंद्र खलखो, फा. अजय सोरेंग, फा. दामियल, फा. विनय, फा. सुशील, सिस्टर वंदना, सिस्टर आशा आदि ने संपन्न कराया। पतराटोली स्थित संत बेर्नाडेट चर्च पल्ली परिसर में कार्यक्रम में मिस्सा अनुष्ठान के दौरान पल्ली पुरोहित फा. शिशिर सोरेन ने कहा कि ख्रीस्त सारे संसार का सच्चा राजा है।
ख्रीस्त सारे संसार का सच्चा राजाः फा. वीरेंद्र खलखो
उन्होंने बताया कि प्रभु का शासन प्रेम, न्याय और करुणा पर आधारित है। फादर ने विश्वासियों से आग्रह किया कि वे अपने जीवन में ख्रीस्त राज की शिक्षाओं को अपनाकर शांति और सद्भाव फैलाएँ। फा. वीरेंद्र खलखो ने कहा कि ख्रीस्त गौशाले में जन्मे थे। उन्होंने हमारे जीवन के लिए आदर्श प्रस्तुत किया कि हम संसार की ज्योति बनकर जिएं। वह मृत्यु और पुनरुत्थान द्वारा रहस्यमय रूप से ईश्वरीय कृपा हमारे लिये लेकर आये। वही ख्रीस्त सारे संसार का सच्चा राजा हैं। यह वह राजा हैं, जो सत्य की शिक्षा देते हैं। हम उनके लिए अपना हृदय खोलते हैं। ख्रीस्त आज हमारे हृदय में आयेंगे, वह जीवन को अपने महिमा और कृपा से भर देंगे। विभिन्न शैक्षणिक संस्थाओं से जुड़ी छात्राओं और धर्म बहनों की अगुवाई में मसीही गीत गए गए। मिस्सा पूजा के बाद शोभायात्रा चर्च परिसर से निकल कर लोहरदगा-कुड़ू मुख्य पथ से होते हुए ओयना पथ स्थित संत स्टानिस्लास हाई स्कूल तक पहुंची। इसमें बड़ी संख्या में विश्वासीगण शामिल हुए।
कार्यक्रम को सफल बनाने में धर्मगुरु, धर्म बहनों के अलावा कैथोलिक महिला संघ और युवा संघ के सदस्यों का योगदान रहा। कैथोलिक महासभा के अध्यक्ष संजय टोप्पो, उपाध्यक्ष नरेंद्र मिंज, रंजीत अजय किन्डो, उपसचिव डोमिनिक एक्का, कोषाध्यक्ष कुलदीप किन्डो, उप कोषाध्यक्ष अरूण कुजूर, सलाहकार सुजीत कुजूर, फ्रेडी कुजूर, राजू बर्नार्ड कुजूर, जॉर्ज कुजूर, अरविंद तिर्की, सुनील खाखा, अमित कुजूर, किशोर केरकेट्टा, अगुस्टिन टोप्नो, नीलम तिर्की, सुधा कुजूर, संगीता केरकेट्टा, रश्मि कुजूर, रूबी कुजूर, इसाबेल खाखा आदि समेत बड़ी संख्या में संत अन्ना, संत उर्सुलाइन और संत कार्मल के धर्म बहानें मौजूद थी।

