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Ranchi News: उपायुक्त- सह- जिला दंडाधिकारी रांची मंजूनाथ भजन्त्री के संपूर्ण निर्देशन में जिले के सभी अंचलों में आयोजित नियमित जनता दरबार ने जनता को राहत देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। मंगलवार का जनता दरबार राजस्व से संबंधित जितने भी आवेदनों की त्वरित और पारदर्शी रूप से सुनवाई और निष्पादन की परंपरा है, इस बार भी यह शासन-प्रशासन की प्रतिबद्धता का जीवंत उदाहरण साबित हुआ।
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जनता दरबार में सैकड़ों आवेदनों का पारदर्शी निपटान
जनता दरबार में विभिन्न अंचल जैसे सोनाहातू, मांडर, अनगड़ा, अरगोड़ा, खलारी, सिल्ली, चान्हो, रातू, बेड़ो, नगड़ी आदि में कुल सैकड़ों आवेदनों का समाधान किया गया। इनमें शामिल थे पंजी-2 सुधार, प्रमाण-पत्र निर्गमन, दाखिल-खारिज, लगान अद्यतन, आपदा मुआवजा स्वीकृति और सामाजिक सुरक्षा संबंधी मामलों के समाधान।
उदाहरण के लिए सोनाहातू के परवीन आरा और सुखराम मुंडा को पारिवारिक सदस्यता प्रमाण पत्र, राणाडीह के रामशक्ल सिंह मुंडा के आश्रित को सर्पदंश मृत्यु पर चार लाख रुपये मुआवजा राशि प्रदान करना इस सेवा की विशिष्टताएं हैं। मांडर अंचल में कुल 58, अनगड़ा में 93, अरगोड़ा में 108, और बेड़ो में सर्वाधिक 153 आवेदनों का निष्पादन पूरे जोश से किया गया। सभी अंचल में समुचित प्रशासनिक प्रक्रिया एवं समयबद्धता का खास ध्यान रखा गया।
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उपायुक्त मंजूनाथ का कड़ा निर्देश: त्वरित सेवा और जवाबदेही
उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने कहा है कि जनता की सुविधा को सर्वोपरि रखते हुए सभी पदाधिकारियों एवं कर्मियों को अपनी सेवाएं प्रदान करनी हैं। उन्होंने सभी अंचलों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि राजस्व संबंधित लंबित कार्य शीघ्र पूरा करें तथा आवेदकों को बिना किसी अनावश्यक झंझट के तत्काल समाधान दें।
इस पहल ने जिले में प्रशासन की जवाबदेही और पारदर्शिता को बढ़ावा देते हुए लोगो के बीच सरकार के प्रति विश्वास मजबूत किया है। इससे जो आवेदक चाहते थे कि उनकी समस्याओं का शीघ्र समाधान हो, वे बड़ी संख्या में निराश नहीं हुए और पूरे कार्यक्रम में सकारात्मक प्रतिक्रियाएं मिलीं।
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प्रशासनिक कार्यों में जनता की भागीदारी और संतुष्टि बढ़ी
जनता दरबार ने यह संदेश दिया है कि सरकारी व्यवस्था अब जनता के हर स्तर तक प्रभावी रूप से पहुंच रही है। समस्थानिक समस्याओं के त्वरित समाधान ने प्रशासन के प्रति उत्साह बढ़ाया है।
इस व्यवस्था के चलते लोग अब सीधे अधिकारियों के पास पहुंच कर अपनी समस्याओं का निष्पादन करा पा रहे हैं और न्याय समय पर पा रहे हैं। इस आयोजन में उपायुक्त की कड़ी निगरानी और निर्देश कार्य में गुणवत्ता एवं पारदर्शिता बनाए रखने का एक अहम कारक साबित हो रहे हैं।

