Lucknow News: उत्तर प्रदेश में मंगलवार की सुबह किसी बड़े संकट की तरह आई। पूरे प्रदेश में कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने जनजीवन की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया है। राजधानी लखनऊ से लेकर संगम नगरी प्रयागराज और रामनगरी अयोध्या तक, हर तरफ सिर्फ ‘सफेद अंधेरा’ छाया हुआ है। बर्फीली हवाओं (शीत लहर) ने ऐसी कनकनी पैदा की है कि लोग घरों में दुबकने को मजबूर हैं। सड़कों पर गाड़ियाँ रेंग रही हैं और जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है।
अयोध्या और वाराणसी में जीरो विजिबिलिटी; राम मंदिर के पास घना कोहरा
नोएडा और अमेठी में शीतलहर का कहर; अलाव के पास कटी रात
दिल्ली से सटे नोएडा और आसपास के एनसीआर इलाकों में भी हाड़ कंपाने वाली ठंड पड़ रही है। ठंडी हवाओं के कारण तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। अमेठी और संभल जैसे जिलों में लोग सड़कों के किनारे अलाव जलाकर खुद को गर्म रखने की कोशिश कर रहे हैं। संभल में घने कोहरे की वजह से कई जगहों पर ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई। लोगों का कहना है कि पिछले कई सालों में ऐसी ठंड नहीं देखी गई, जहां कोहरा और शीतलहर दोनों एक साथ कहर बरपा रहे हों।
प्रशासन सतर्क: रैनबसेरों और अलाव की व्यवस्था तेज
भीषण ठंड को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने कई जगहों पर कंबल वितरण और सार्वजनिक स्थानों पर अलाव जलाने के निर्देश दिए हैं। लखनऊ की सड़कों पर विजिबिलिटी कम होने के कारण पुलिस ने वाहन चालकों को ‘फाग लाइट्स’ इस्तेमाल करने और धीमी गति से चलने की सलाह दी है। मौसम विभाग का मानना है कि अगले 48 घंटों तक कोहरे और ठंड से राहत मिलने की उम्मीद कम है। आने वाले दिनों में पछुआ हवाएं कनकनी को और ज्यादा बढ़ा सकती हैं।



