चैनपुर (गुमला)। राष्ट्रीय कृमि मुक्ति कार्यक्रम के तहत प्रखंड मुख्यालय स्थित लुथरन स्कूल में विशेष जागरूकता एवं दवा वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से उपस्थित प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. दीपशिखा किंडो ने स्कूली छात्र-छात्राओं को अपने समक्ष एल्बेंडाजोल की गोली खिलाकर अभियान की शुरुआत की। कार्यक्रम के दौरान बच्चों को स्वास्थ्य और स्वच्छता के प्रति भी जागरूक किया गया। प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. दीपशिखा किंडो ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि बच्चों के शारीरिक एवं मानसिक विकास के लिए कृमि संक्रमण से मुक्ति बेहद आवश्यक है। कृमि संक्रमण बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डालता है, जिससे एनीमिया, कुपोषण और अन्य स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। उन्होंने कहा कि समय पर एल्बेंडाजोल की गोली का सेवन करने से बच्चों को कृमि संक्रमण से बचाया जा सकता है और उनका समुचित विकास सुनिश्चित होता है। साथ ही उन्होंने विद्यार्थियों को भोजन करने से पहले हाथ धोने, स्वच्छता बनाए रखने तथा साफ-सुथरे वातावरण में रहने की शपथ भी दिलाई। डॉ. दीपशिखा किंडो ने कहा कि कृमि मुक्ति की यह दवा बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य और उज्ज्वल भविष्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने विद्यालय प्रबंधन एवं शिक्षकों की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि स्कूलों के सहयोग से ही इस अभियान को शत-प्रतिशत सफल बनाया जा सकता है। कार्यक्रम में विद्यालय के प्रधानाध्यापक सहित सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं सक्रिय रूप से उपस्थित रहे। शिक्षकों ने विद्यार्थियों को कतारबद्ध कर अनुशासित तरीके से दवा वितरण कराने में स्वास्थ्य विभाग की टीम का सहयोग किया। इस अवसर पर विद्यालय के बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे और उत्साहपूर्वक राष्ट्रीय कृमि मुक्ति कार्यक्रम में भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को कृमि संक्रमण से सुरक्षित रखते हुए उनके बेहतर स्वास्थ्य एवं पोषण को बढ़ावा देना था।




