Close Menu
Public AddaPublic Adda
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • यूपी
  • राजनीति
  • स्पोर्ट्स
  • सोशल
  • अन्य
Facebook X (Twitter) Instagram
Public AddaPublic Adda

  • Home
  • India
  • World
  • States
    • Jharkhand
    • Bihar
    • Uttar Pradesh
  • Politics
  • Sports
  • Social/Interesting
  • More Adda
Public AddaPublic Adda
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • यूपी
  • राजनीति
  • स्पोर्ट्स
  • सोशल
  • अन्य
Home»#Trending»नदियों को प्रदूषित करने वाली कंपनियों पर कसेगा शिकंजा, सोनू ने दी सख्त कार्रवाई की चेतावनी
#Trending

नदियों को प्रदूषित करने वाली कंपनियों पर कसेगा शिकंजा, सोनू ने दी सख्त कार्रवाई की चेतावनी

सरयू राय ने विधानसभा में उठाया दामोदर में बढ़ते प्रदूषण और अतिक्रमण का मुद्दा
By Muzaffar HussainFebruary 24, 20262 Mins Read
Facebook Twitter WhatsApp Threads Telegram
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email Telegram WhatsApp Threads Copy Link

अपनी भाषा चुनेें :

बटन दबाकर थोड़ा इंतज़ार करें...

रांची: झारखंड विधानसभा के बजट सत्र का पांचवां दिन राज्य की जीवनदायिनी नदियों के नाम रहा। मंगलवार को सदन की कार्यवाही के दौरान जमशेदपुर पश्चिम के विधायक और पर्यावरण मामलों के जानकार सरयू राय ने नदियों में बढ़ते प्रदूषण और अतिक्रमण के गंभीर मुद्दे पर सरकार को घेरा। उनके तीखे सवालों ने यह सोचने पर मजबूर कर दिया कि क्या औद्योगिक विकास की कीमत हमारी नदियों को चुकानी पड़ेगी?

सरयू राय का सवाल : क्या फिर मैली हो रही है ‘देवनद’ दामोदर?

विधायक सरयू राय ने विशेष रूप से दामोदर नदी का मामला उठाते हुए पूछा कि जिस नदी को वर्षों के नागरिक प्रयासों के बाद औद्योगिक प्रदूषण से काफी हद तक मुक्त कराया गया था, क्या वह फिर से बर्बादी की कगार पर है? उन्होंने आरोप लगाया कि दामोदर घाटी निगम (DVC) के चंद्रपुरा ताप विद्युत गृह द्वारा ऐश पॉन्ड (राख तालाब) के विस्तार के नाम पर नदी क्षेत्र का अतिक्रमण किया जा रहा है।

इतना ही नहीं, उन्होंने बोकारो ताप बिजली घर की क्षतिग्रस्त पाइपलाइनों से निकलने वाले दूषित कचरे के कोनार नदी में मिलने और टंडवा क्षेत्र में NTPC द्वारा कोयला खनन का जहरीला पानी सीधे दामोदर में बहाए जाने का सनसनीखेज आरोप भी लगाया। राय ने स्पष्ट कहा कि अगर बड़ी एजेंसियां ही नियमों की धज्जियां उड़ाएंगी, तो पर्यावरण संरक्षण का सपना कभी पूरा नहीं होगा।

सरकार का जवाब : जांच कमेटी की रिपोर्ट और सख्त कार्रवाई का भरोसा

विधायक के सवालों का जवाब देते हुए राज्य के वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने सदन को आश्वस्त किया कि सरकार इस मामले को लेकर पूरी तरह गंभीर है। उन्होंने जानकारी दी कि पूरे प्रकरण की सूक्ष्म जांच के लिए एक तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय कमेटी का गठन किया गया था।

मंत्री सोनू ने बताया कि कमेटी ने अपनी जांच पूरी कर ली है और संबंधित उद्योगों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। सरकार ने अब हर महीने ‘प्रोग्रेस रिपोर्ट’ तैयार करने का फैसला किया है ताकि जमीनी स्तर पर सुधार देखा जा सके। उन्होंने सदन के पटल पर दो टूक शब्दों में कहा, “यदि जल एवं वायु संरक्षण अधिनियम के उल्लंघन का एक भी पुख्ता सबूत मिलता है, तो दोषी एजेंसियों के खिलाफ कड़ी विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। किसी को भी कानून से ऊपर नहीं रहने दिया जाएगा।”

WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now
Follow on Google News
Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Threads Copy Link

Related Posts

दो नाबालिग मौसेरी बहनों से सामूहिक दुष्कर्म मामले में सुशील उरांव दोषी करार

June 22, 2026

टाटा स्टील वायर रॉड मिल में वेज रिवीजन को लेकर सुगबुगाहट तेज

June 22, 2026

निहंगों के उत्पात से उत्तराखंड में भारी तनाव, बुलाई गई ITBP की टीम

June 22, 2026

RECENT ADDA.

दो नाबालिग मौसेरी बहनों से सामूहिक दुष्कर्म मामले में सुशील उरांव दोषी करार

June 22, 2026

टाटा स्टील वायर रॉड मिल में वेज रिवीजन को लेकर सुगबुगाहट तेज

June 22, 2026

निहंगों के उत्पात से उत्तराखंड में भारी तनाव, बुलाई गई ITBP की टीम

June 22, 2026

गोरखपुर में खूनी खेल, 16 साल के भाई ने पूरे परिवार को सुलाया मौत की नींद

June 22, 2026

कुछ चीजों में अमेरिका से बेहतर है भारत; NRI महिला का सोशल मीडिया पर अनुभव वायरल

June 22, 2026
Today’s Horoscope
© 2026 Public Adda. Designed by Launching Press.
  • About
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Adsense

Home

News

Web Stories Fill Streamline Icon: https://streamlinehq.com

Web Stories

WhatsApp

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.