धनबाद: बीसीसीएल की बेनीडीह परियोजना में सितंबर 2022 में हुई सीआईएसएफ मुठभेड़ का मामला एक बार फिर चर्चा में है। इस घटना में चार युवकों की मौत हुई थी। अब राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) की टीम इस मामले की जांच के लिए धनबाद पहुंचेगी।
जानकारी के अनुसार, 19 सितंबर 2022 की रात बेनीडीह में सीआईएसएफ के साथ हुई मुठभेड़ में चार युवकों की मौत हुई थी। इस मामले में 20 नवंबर 2022 को बाघमारा थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। करीब चार साल बाद NHRC की टीम घटना और उसके बाद हुई कार्रवाई की जानकारी जुटाएगी।
मृतकों के परिजनों से होगी पूछताछ
जांच के दौरान NHRC की टीम मृतकों के परिजनों के बयान दर्ज करेगी। इसके अलावा घायलों के परिवार, प्रत्यक्षदर्शियों, वाहन चालक और शिकायतकर्ता से भी पूछताछ की जाएगी। टीम यह जानने की कोशिश करेगी कि घटना से पहले क्या परिस्थितियां थीं और मुठभेड़ के दौरान क्या हुआ।
मामले में मारे गए युवकों की पहचान जलालुद्दीन खान उर्फ शहजाद खान, मोहम्मद शमीम अंसारी, मोहम्मद अताउल्ला अंसारी उर्फ अतुल अंसारी और प्रतीम नोनिया के रूप में हुई थी।
पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों से भी सवाल
NHRC की जांच में उस समय धनबाद में तैनात रहे पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों से भी जानकारी ली जाएगी। तत्कालीन जिलाधिकारी, वरीय पुलिस अधीक्षक, अनुमंडल पदाधिकारी, ग्रामीण एसपी और संबंधित थाना प्रभारियों से घटना और जांच के दौरान उठाए गए कदमों के बारे में सवाल किए जाएंगे।
इसके अलावा मामले के तत्कालीन जांच अधिकारी से भी पूछताछ की जाएगी।
सीआईएसएफ जवानों से भी होगी पूछताछ
मुठभेड़ में शामिल सीआईएसएफ कर्मियों को भी जांच के दायरे में रखा गया है। आयोग की टीम सीआईएसएफ कांस्टेबल अरुण कुमार यादव, उप निरीक्षक दिनेश शर्मा और पिंटू कुमार से भी घटना से जुड़ी जानकारी लेगी।
NHRC यह भी जांच करेगा कि घटना के बाद पुलिस, प्रशासन और संबंधित एजेंसियों ने तय नियमों और प्रक्रियाओं का पालन किया था या नहीं। जांच के दौरान सामने आने वाले साक्ष्यों के आधार पर ही आगे की जिम्मेदारी तय होगी।




