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खुशखबरी: खत्म हुआ अंश-अंशिका का इंतजार; गुलगुलिया दंपति से बच्चों को छुड़ाया!

Ranchi News: झारखंड की राजधानी रांची समेत पूरे देश को हिला देने वाले ‘अंश-अंशिका’ केस में आखिरकार वो सुखद खबर आ ही गई, जिसका हर किसी को इंतजार था। 2 जनवरी से लापता 5 वर्षीय अंश कुमार राय और 4 वर्षीय अंशिका कुमारी को आज

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Ranchi News: झारखंड की राजधानी रांची समेत पूरे देश को हिला देने वाले ‘अंश-अंशिका’ केस में आखिरकार वो सुखद खबर आ ही गई, जिसका हर किसी को इंतजार था। 2 जनवरी से लापता 5 वर्षीय अंश कुमार राय और 4 वर्षीय अंशिका कुमारी को आज 14 जनवरी, यानी मकर संक्रांति के शुभ अवसर पर सुरक्षित ढूंढ लिया गया है। हां, यह कामयाबी पुलिस से पहले बजरंग दल के उन युवाओं के हाथ लगी है, जो पिछले कई दिनों से इन मासूमों की तलाश में दिन-रात एक किए हुए थे।

पहाड़िया जहाने में गुलगुलिया दंपति के पास मिले बच्चे

जानकारी के अनुसार, रामगढ़ जिले के चितरपुर प्रखंड अंतर्गत पहाड़िया जहाने नामक स्थान से दोनों बच्चों को बरामद किया गया है। बजरंग दल चितरपुर के कार्यकर्ताओं को सूचना मिली थी कि एक गुलगुलिया दंपति के पास दो छोटे बच्चे देखे गए हैं। बजरंग दल के सचिन प्रजापति, बबलू साहू और सन्नी ने तुरंत अभियान चलाया और मौके पर पहुंचकर बच्चों की पहचान कन्फर्म की। बच्चों को सुरक्षित अपने कब्जे में लेकर बजरंगियों ने तुरंत रजरप्पा पुलिस को इसकी सूचना दी।

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने जताई राहत और खुशी

बच्चों की सकुशल बरामदगी के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर अपनी भावनाएं व्यक्त कीं। उन्होंने लिखा कि अपहरणकर्ताओं के चंगुल से दो मासूम जिंदगियां आजाद हो गई हैं। मुख्यमंत्री ने स्वीकार किया कि इस पूरे मामले ने उन्हें व्यक्तिगत रूप से काफी परेशान किया था। उन्होंने रांची और झारखंड पुलिस की कार्यकुशलता की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस ने धैर्य और सूझबूझ के साथ दूसरे राज्यों में हुई इसी तरह की घटनाओं के तार जोड़ते हुए अपराधियों तक पहुंच बनाई और बच्चों को सुरक्षित मुक्त कराया।

2 लाख का इनाम और जांबाजों की सराहना

बता दें कि इन मासूमों की जानकारी देने वालों के लिए 2 लाख रुपये के इनाम की घोषणा की गई थी। लेकिन बजरंग दल के युवाओं के लिए यह इनाम से कहीं बढ़कर मानवता की जीत थी। रजरप्पा पुलिस ने गुलगुलिया दंपति को हिरासत में ले लिया है और बच्चों को रामगढ़ पुलिस मुख्यालय ले जाया गया है। हां, बच्चों की बरामदगी की खबर फैलते ही पूरे इलाके में बजरंग दल के कार्यकर्ताओं की जमकर सराहना हो रही है।

पुलिस अधीक्षक करेंगे बड़ा खुलासा

आखिर ये बच्चे रांची से रामगढ़ कैसे पहुंचे? क्या इन्हें अगवा किया गया था या ये भटक कर वहां तक पहुंचे? इन तमाम सवालों के जवाब आज रामगढ़ पुलिस अधीक्षक (SP) एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से देंगे। फिलहाल, दोनों बच्चे सुरक्षित हैं और जल्द ही उन्हें उनके माता-पिता को सौंप दिया जाएगा। 13 दिनों के लंबे और खौफनाक इंतजार के बाद परिवार में फिर से खुशियां लौट आई हैं।

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