Jamshedpur News: पूर्वी सिंहभूम जिला स्थित पोटका विधानसभा क्षेत्र के पोटका और डुमरिया प्रखंड में पथ निर्माण विभाग द्वारा कराए जा रहे सड़क चौड़ीकरण और पुनर्निर्माण कार्यों में रैयतदारों की भूमि लिए जाने के बावजूद मुआवज़ा भुगतान नहीं होने का मामला विधानसभा में उठाया गया। शून्यकाल के दौरान विधायक संजीव सरदार ने सदन का ध्यान इस गंभीर समस्या की ओर आकृष्ट कराते हुए कहा कि किसानों और ग्रामीणों की जमीन पर सड़कें बन चुकी हैं, लेकिन अब तक उन्हें उनके अधिकार का मुआवज़ा नहीं मिला है।
विधायक ने बताया कि पोटका और डुमरिया क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण सड़कों का कार्य लगभग पूरा हो चुका है, जिससे भविष्य में आवागमन बेहतर होगा, लेकिन इसकी कीमत स्थानीय रैयतदार किसान चुका रहे हैं। उन्होंने सदन में कहा कि अंचलाधिकारी द्वारा भूमि सत्यापन की प्रक्रिया पूरी कर रिपोर्ट जिला भू-अर्जन पदाधिकारी को भेजी जा चुकी है, इसके बावजूद भुगतान अटकना प्रशासनिक लापरवाही को दर्शाता है। संजीव सरदार ने सरकार से मांग की कि जिन रैयतदारों की जमीन अधिग्रहित की गई है, उन्हें बिना और देरी किए शीघ्र मुआवज़ा राशि का भुगतान कराया जाए, ताकि वर्षों से परेशान किसानों को राहत मिल सके।
उन्होंने यह भी कहा कि सड़क निर्माण विकास का प्रतीक है, लेकिन विकास की आड़ में किसानों के अधिकारों की अनदेखी स्वीकार्य नहीं है। विधायक ने सरकार से इस विषय में तत्काल हस्तक्षेप करने और संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश जारी करने की मांग की, जिससे पोटका और डुमरिया प्रखंड के प्रभावित रैयतदारों को उनका वैधानिक हक मिल सके।



