पिठोरिया (रांची)। रांची जिले के पिठोरिया थाना क्षेत्र के डहुटोली स्थित अपने आवास में शुक्रवार को आदिवासी समाज की नेत्री निशा भगत की मौत से इलाके में सनसनी फैल गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, उन्होंने दोपहर करीब 12:30 बजे आत्महत्या कर ली। बताया जा रहा है कि घटना के दौरान वह फेसबुक लाइव पर थीं। घटना से पहले उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से सरकार और प्रशासन के प्रति अपनी नाराजगी भी जाहिर की थी। इस घटना के बाद क्षेत्र के सामाजिक और राजनीतिक हलकों में शोक और चिंता का माहौल है।
थाना प्रभारी को पहले ही दी थी सूचना
प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना से पहले शुक्रवार दोपहर करीब 12:09 बजे निशा भगत ने पिठोरिया थाना प्रभारी सतीश कुमार पांडेय को फोन कर इसकी सूचना दी थी। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ तत्काल डहुटोली स्थित उनके आवास पहुंचे। वहां की स्थिति को देखते हुए पुलिसकर्मियों ने उन्हें फंदे से नीचे उतारा और बिना देर किए इलाज के लिए कांके जनरल अस्पताल पहुंचाया।
कांके जनरल अस्पताल में चिकित्सकों ने प्राथमिक जांच के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए रिम्स रेफर कर दिया। पुलिस और परिजन उन्हें लेकर रिम्स जा रहे थे, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में उनकी मौत हो गई। रिम्स पहुंचने पर चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए शव का पोस्टमार्टम कराया गया।
कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी पहुंचे मौके पर
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में भी हलचल मच गई। ग्रामीण एसपी गौरव गोस्वामी, आईपीएस साक्षी जमुआर, डीएसपी अमर पांडेय, कांके थाना प्रभारी कुणाल कुमार, पिठोरिया थाना प्रभारी सतीश कुमार पांडेय और ओरमांझी थाना प्रभारी मनोज कुमार सहित बड़ी संख्या में पुलिस बल घटनास्थल पर पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और मामले से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी ली।
वहीं, फॉरेंसिक टीम ने भी निशा भगत के आवास पर पहुंचकर जांच की तथा आवश्यक साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने घटनास्थल से संबंधित परिस्थितियों का बारीकी से जायजा लिया। सोशल मीडिया पर घटना से पहले किए गए फेसबुक लाइव और उनके द्वारा कही गई बातों को भी जांच के महत्वपूर्ण पहलुओं के रूप में देखा जा रहा है।
बताया जाता है कि निशा भगत मूल रूप से गुमला जिले की रहने वाली थीं। उनके पिता गुमला के डीएसपी रोड स्थित आवास में रहते हैं। घटना की जानकारी उनके परिजनों को दे दी गई है। सूचना मिलने के बाद परिवार के लोग भी इस दुखद घटना से स्तब्ध हैं।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। घटना से पहले थाना प्रभारी को दी गई सूचना, फेसबुक लाइव में कही गई बातें, उनके द्वारा लगाए गए आरोप और अन्य परिस्थितियों की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच और आवश्यक साक्ष्यों के आधार पर ही घटना के सभी पहलुओं की स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।






