Patna: आगामी दीपावली, काली पूजा और छठ महापर्व के मद्देनजर राज्य में विधि-व्यवस्था, सुरक्षा, स्वच्छता और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को लेकर एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। लोक सेवक आवास स्थित ‘संकल्प’ सभागार में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हुई इस बैठक में सीएम ने अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि त्योहारों के अवसर पर बड़ी संख्या में लोग दूसरे राज्यों एवं विदेशों से अपने घर लौटते हैं। यह सुनिश्चित किया जाए कि उन्हें अपने गृह राज्य में आने पर खुशी, सुरक्षा और सकारात्मक बदलाव का अनुभव हो। सभी जिलों में प्रशासन एवं पुलिस पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करें।
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सुरक्षा और स्वच्छता के पुख्ता इंतजाम
सीएम ने निर्देश दिया कि त्योहारों के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की जाए। सभी जिलों में क्विक रिस्पांस टीम गठित कर उन्हें पूरी तरह सक्रिय एवं अलर्ट रखा जाए। रेलवे स्टेशनों और बस स्टैंडों के आसपास विशेष रूप से चौबीसों घंटे गश्त की व्यवस्था हो। पुलिस की पेट्रोलिंग प्रभावी हो तथा किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। रेलवे स्टेशनों, बस स्टैंडों, सार्वजनिक स्थलों एवं छठ घाटों पर साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है। जिलाधिकारी स्वयं इन व्यवस्थाओं की नियमित मॉनिटरिंग करें। छठ घाटों पर निर्धारित मानकों के अनुरूप सुरक्षा और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। गांवों के छठ घाटों पर स्थानीय तैराकों को भी तैनात रखा जाए। विद्युत सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए कहीं भी नंगे तार का उपयोग नहीं किया जाए।
दलित टोलों में पर्व और जनसंवाद
दलित और महादलित टोलों में जनप्रतिनिधि एवं पदाधिकारी जाएं और उनके बीच जाकर उनके साथ पर्व मनाएं। पर्व-त्योहारों को आपसी प्रेम, सद्भाव और उत्साह के साथ मनाने के लिए लोगों को प्रेरित किया जाए। जिलाधिकारी जनप्रतिनिधियों से नियमित रूप से मिलकर उनकी समस्याओं एवं सुझावों को गंभीरता से सुनें। इसके अलावा, सक्षम एवं संपन्न लोगों से 125 यूनिट बिजली सब्सिडी का लाभ स्वेच्छा से छोड़ने की अपील को लेकर व्यापक प्रचार-प्रसार कराया जाए।
विकास योजनाओं और कायाकल्प अभियान की समीक्षा
कायाकल्प अभियान के तहत योजनाओं की संख्या दोगुनी कर दी गई है। जिलाधिकारी इसकी निरंतर निगरानी करें तथा यह सुनिश्चित करें कि कोई भी गांव विकास कार्यों से वंचित नहीं रहे। सामुदायिक भवन, आंगनबाड़ी केंद्र, पंचायत भवन सहित सभी आवश्यक सार्वजनिक सुविधाओं को अभियान के दायरे में लाया जाए। बाढ़ के दौरान हुई सभी क्षतिग्रस्त ग्रामीण सड़कों की मरम्मती शीघ्र कराई जाए। राज्य में औद्योगिक विकास को गति देने के लिए जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक प्रत्येक माह उद्योगपतियों के साथ बैठक करें, ताकि उनकी समस्याओं का समाधान हो और निवेश एवं रोजगार के नए अवसर सृजित हों। जिलों में जमीन अधिग्रहण के कार्य में विलंब न हो और ‘एक जिला, एक उत्पाद’ योजना पर तेजी से काम किया जाए।
फर्जी खबरों पर त्वरित कार्रवाई
भ्रामक एवं फर्जी खबरों पर त्वरित कार्रवाई के लिए प्रत्येक स्तर पर रिस्पांस टीम बनाने का निर्देश दिया गया है। किसी खबर के सही होने पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई करते हुए जवाब दिया जाए और गलत खबर होने पर उसका शीघ्र खंडन किया जाए। इसके लिए अधिकतम चार घंटे के भीतर प्रतिक्रिया सुनिश्चित की जाए, ताकि भ्रामक सूचनाओं से नकारात्मक माहौल न बने और जनता तक सही जानकारी पहुंचे।







