Dhanbad : जिले में एक व्यक्ति ने अस्पताल पर प्रसव के दौरान बच्चा बदलने का गंभीर आरोप लगाया है। इस मामले में उन्होंने डीएनए टेस्ट की मांग करते हुए न्याय की गुहार लगाई है। मामला मंगलवार को आयोजित जनता दरबार में सामने आया, जिसकी अध्यक्षता प्रभारी पदाधिकारी जन शिकायत कोषांग नियाज अहमद ने की।
पीड़ित व्यक्ति ने बताया कि उन्होंने 24 सितंबर को निचितपुर कतरास स्थित एक निजी अस्पताल में अपनी गर्भवती पत्नी को भर्ती कराया था। डॉक्टरों ने बताया कि प्रसव सिजेरियन ऑपरेशन के जरिए किया जाएगा। करीब एक घंटे बाद अस्पताल कर्मियों ने मां और नवजात को ऑपरेशन थियेटर से बाहर निकाला। उसी समय एक अन्य महिला को भी ऑपरेशन थियेटर से बाहर लाया गया।
पीड़ित का कहना है कि घटनास्थल की परिस्थितियों और अस्पताल के स्टाफ के व्यवहार से उन्हें बच्चे की अदला-बदली की आशंका हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि अस्पताल प्रशासन मामले को छिपाने का प्रयास कर रहा है।
जनता दरबार में पीड़ित ने जिला प्रशासन से बच्चे का डीएनए टेस्ट कराने की मांग की ताकि सच्चाई सामने आ सके। इस मामले पर अधिकारियों ने उचित कार्रवाई का भरोसा दिया है। घटना के बाद से क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है और लोग अस्पताल प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठा रहे हैं।



