Kathmandu: नेपाल की राजधानी काठमांडू स्थित तलेजु भवानी मंदिर में महानवमी के अवसर पर मंगलवार सुबह से श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। आम भक्तों के लिए साल में केवल एक दिन खुलने वाले इस मंदिर में दर्शन के लिए सुबह से ही लंबी कतारें लगी रहीं।
विश्व धरोहर सूची में शामिल हनुमानढोका दरबार क्षेत्र स्थित मंदिर को मंगलवार सुबह 5 बजे आम श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया गया। मंदिर खुलने से पहले ही दर्शनार्थी कतारों में खड़े हो गए थे।
हनुमानढोका दरबार प्रबंधन कार्यालय की प्रमुख जयन्ती श्रेष्ठ प्रधान के अनुसार, मंदिर में सुबह 5 बजे से शाम 6 बजे तक पूजा और दर्शन की व्यवस्था की गई है।
महानवमी पर ही आम श्रद्धालुओं को मिलते हैं दर्शन
तलेजु भवानी मंदिर हर साल शारदीय नवरात्र की महानवमी के अवसर पर ही आम श्रद्धालुओं के लिए खोला जाता है। इस दिन देवी के दर्शन के लिए हजारों भक्त पहुंचते हैं। कोरोना महामारी के कारण वर्ष 2020 में मंदिर आम लोगों के लिए नहीं खोला गया था।
आश्विन शुक्ल नवमी को महानवमी के रूप में मनाया जाता है। इसी अवसर पर मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की परंपरा निभाई जाती है।
महाअष्टमी की रात हुई विशेष पूजा
नेपाल पंचांग निर्णायक विकास समिति की ओर से निर्धारित शुभ मुहूर्त के अनुसार, तलेजु भवानी को शनिवार सुबह 7:37 बजे हनुमानढोका दरबार क्षेत्र के मूलचोक में लाया गया था। उसी दिन सुबह 10:39 बजे देवी को निर्धारित आसन पर विराजमान कराया गया।
मंदिर प्रबंधन के अनुसार, महाअष्टमी की रात मूलचोक में कालरात्रि पूजा की गई। इस दौरान देवी की आराधना के लिए 54 बकरों और 54 भैंसों की बलि दी गई।
विजयादशमी पर निकलेगी देवी की यात्रा
विजयादशमी तक तलेजु भवानी को मूलचोक में विराजमान रखकर पूजा-अर्चना की जाएगी। बुधवार को नेपाल पंचांग निर्णायक विकास समिति की ओर से निर्धारित शुभ मुहूर्त के अनुसार, सुबह 10:51 बजे देवी की यात्रा निकाली जाएगी।
इसके बाद सुबह 11:52 बजे तलेजु भवानी को उनके मूल मंदिर में निर्धारित आसन पर फिर से विराजमान कराया जाएगा।




