Close Menu
Public AddaPublic Adda
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • यूपी
  • राजनीति
  • स्पोर्ट्स
  • सोशल
  • अन्य
Facebook X (Twitter) Instagram
Public AddaPublic Adda

  • Home
  • India
  • World
  • States
    • Jharkhand
    • Bihar
    • Uttar Pradesh
  • Politics
  • Sports
  • Social/Interesting
  • More Adda
Public AddaPublic Adda
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • यूपी
  • राजनीति
  • स्पोर्ट्स
  • सोशल
  • अन्य
Home»States»Bihar»PMCH में हड़ताल से चिकित्सा सेवा ठप, बिना इलाज लौटे हजारों मरीज
Bihar

PMCH में हड़ताल से चिकित्सा सेवा ठप, बिना इलाज लौटे हजारों मरीज

PMCH में डॉक्टर-परीजनों की मारपीट के बाद जूनियर डॉक्टर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए। ओपीडी से इमरजेंसी तक सभी सेवाएं ठप, हजारों मरीज प्रभावित हुए।
By Samsul HaqueDecember 4, 20252 Mins Read
Facebook Twitter WhatsApp Threads Telegram
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email Telegram WhatsApp Threads Copy Link

अपनी भाषा चुनेें :

बटन दबाकर थोड़ा इंतज़ार करें...

Patna News: बिहार के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल पटना मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (PMCH) में बुधवार से शुरू हुई अनिश्चितकालीन हड़ताल ने पूरे मेडिकल सिस्टम को ठप कर दिया है। ओपीडी, इमरजेंसी से लेकर वार्ड तक- हर जगह ताले और इंतज़ार करते लोग ही नजर आए। हालात यह रहे कि करीब दो हजार से ज्यादा मरीज बिना इलाज के ही वापस लौटने को मजबूर हुए।

झगड़े से भड़की हड़ताल, दोनों ओर से लगाए आरोप

बुधवार सुबह मेडिसिन इमरजेंसी में 70 साल के सुरेश सिंह की मौत के बाद स्थिति बिगड़ गई। परिवार वालों ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों ने मरीज को ठीक से नहीं देखा। वहीं डॉक्टरों का कहना है कि परिजन अचानक गुस्से में आकर मारपीट पर उतर आए और डॉक्टरों के एप्रन तक फाड़ दिए।

मृतक के बेटे अमन सिंह और बहन ने भी डॉक्टरों पर अभद्र व्यवहार और हाथापाई का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस दोनों पक्षों की शिकायत पर जांच कर रही है।

जूनियर डॉक्टरों की तीन बड़ी मांगें

झगड़े के बाद जूनियर डॉक्टर हड़ताल पर चले गए और स्पष्ट कर दिया कि जब तक मांगें पूरी नहीं होतीं, काम शुरू नहीं किया जाएगा। उनकी प्रमुख मांगें हैं-

• अस्पताल में हर विभाग में मजबूत सुरक्षा व्यवस्था लागू की जाए।
• डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों पर हमला होने पर स्वतः एफआईआर दर्ज हो।
• मेडिकल संस्थानों में हिंसा रोकने के लिए कड़े कानून बनें और लागू हों।

डॉक्टरों का कहना है कि सुरक्षा की मांग वे वर्षों से उठा रहे हैं, लेकिन प्रशासन ठोस कदम नहीं उठाता, जिसकी वजह से ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं।

मरीजों की मुश्किलें बढ़ीं, अस्पताल में अफरा-तफरी

हड़ताल के चलते अस्पताल में कोई भी सेवा उपलब्ध नहीं रही। दूर-दराज से आए मरीज घंटों इंतजार के बाद निराश होकर वापस लौट गए। कई लोगों ने कहा कि ऐसी स्थिति में गरीब मरीजों पर सबसे ज्यादा असर पड़ता है।

फिलहाल अस्पताल प्रशासन और डॉक्टरों के बीच बातचीत की कोशिशें चल रही हैं, लेकिन अभी समाधान नहीं निकला है।

WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now
Follow on Google News
Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Threads Copy Link

Related Posts

गुमला सदर अस्पताल पर गंभीर आरोप, दस्त के मरीज को दी गई कैल्शियम की दवा

June 22, 2026

चैनपुर के कातिंग पंचायत में विकास की नई पहल, 500 मीटर सड़क निर्माण शुरू

June 22, 2026

चैनपुर अस्पताल में नशे में धुत डॉक्टर पर गंभीर आरोप, सांसद प्रतिनिधि ने कार्रवाई की मांग की

June 22, 2026

RECENT ADDA.

गुमला सदर अस्पताल पर गंभीर आरोप, दस्त के मरीज को दी गई कैल्शियम की दवा

June 22, 2026

चैनपुर के कातिंग पंचायत में विकास की नई पहल, 500 मीटर सड़क निर्माण शुरू

June 22, 2026

चैनपुर अस्पताल में नशे में धुत डॉक्टर पर गंभीर आरोप, सांसद प्रतिनिधि ने कार्रवाई की मांग की

June 22, 2026

रांची–सासाराम इंटरसिटी सहित कई ट्रेनें 27 जून तक रद्द, रूट डायवर्जन ने बढ़ाई रेल यात्रियों की मुश्किलें

June 22, 2026

अलकतरा घोटाला: ठेकेदार झमन प्रसाद को 3 साल की जेल, अदालत ने लगाया भारी जुर्माना

June 22, 2026
Today’s Horoscope
© 2026 Public Adda. Designed by Launching Press.
  • About
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Adsense

Home

News

Web Stories Fill Streamline Icon: https://streamlinehq.com

Web Stories

WhatsApp

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.