Saraikela-Kharsawan News: सरायकेला-खरसावां जिले के कपाली ओपी क्षेत्र में ताजनगर स्कूल के पास मिले 14 वर्षीय मो. साबिर के शव के मामले में अब पुलिस की जांच और परिजनों के आरोपों के बीच ‘युद्ध’ छिड़ गया है। जहां एक तरफ कपाली पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और घटनास्थल के साक्ष्यों के आधार पर इसे एक दर्दनाक हादसा करार दिया है, वहीं दूसरी तरफ मृतक के पिता ने इसे सुनियोजित हत्या बताते हुए पड़ोस के ही एक लड़के पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
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कपाली ओपी प्रभारी धीरंजन कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की सघन जांच की है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, फुटेज में साबिर स्कूल की चहारदीवारी फांदने का प्रयास करता हुआ दिख रहा है। आशंका जताई जा रही है कि चहारदीवारी फांदने के दौरान साबिर का संतुलन बिगड़ गया और वह सीधे नीचे गिरा। जांच में यह भी सामने आया है कि उसके पेट में शीशा लगा हुआ था, जो संभवतः दीवार पर सुरक्षा के लिए लगाए गए शीशों से गिरने के दौरान पेट में धंस गया। पुलिस इसे ऊंचाई से गिरने के कारण हुई ‘दुर्घटनात्मक मौत’ मान रही है।
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वहीं, मृतक के पिता मो. समीर ने पुलिसिया थ्योरी को पूरी तरह खारिज कर दिया है। उनका कहना है कि यह कोई हादसा नहीं, बल्कि उनके बेटे की साजिशन हत्या है। पिता का दावा है कि 25 दिसंबर को पड़ोस का ही एक लड़का साबिर को बुलाकर अपने साथ ले गया था, जिसके बाद से वह घर नहीं लौटा। परिजनों का सवाल है कि यदि यह हादसा था, तो साबिर तीन दिनों तक कहां था? उनका आरोप है कि साबिर की हत्या कहीं और की गई और बाद में साक्ष्य छिपाने के लिए शव को स्कूल परिसर में फेंक दिया गया।
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पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चोट के प्रकार और मौत के समय का मिलान होने के बाद ही स्थिति साफ होगी। फिलहाल इस घटना ने पूरे असरफी कॉलोनी में तनाव का माहौल पैदा कर दिया है और लोग इंसाफ की मांग कर रहे हैं।



