Ranchi: SIR फॉर्म को लेकर झारखंड के कई जिलों से अवैध वसूली की शिकायतें मिल रही हैं। विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision-SIR) प्रक्रिया के तहत फॉर्म उपलब्ध कराने और भरवाने के नाम पर लोगों से सैकड़ों रुपये वसूले जाने की बात सामने आई है। इन शिकायतों के बाद प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और केवल अधिकृत माध्यमों से ही प्रक्रिया पूरी करने की अपील की है।
बढ़ी लोगों की चिंता
मतदाता सूची से बड़ी संख्या में नाम हटाए जाने की चर्चाओं के बीच ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में कई मतदाता असमंजस और चिंता की स्थिति में हैं। इसी माहौल का फायदा उठाकर कुछ लोग कथित तौर पर फॉर्म उपलब्ध कराने, दस्तावेज जमा कराने और आवेदन भरने के नाम पर पैसे वसूल रहे हैं।
ठगी का आरोप
जानकारी के अनुसार, कई स्थानों पर स्वयं को एजेंट या सामाजिक कार्यकर्ता बताने वाले लोग घर-घर जाकर SIR फॉर्म भरवाने का दावा कर रहे हैं। इसके बदले वे लोगों से नकद राशि मांग रहे हैं। कुछ मामलों में यह भी कहा जा रहा है कि यदि समय पर फॉर्म नहीं भरा गया या दस्तावेज जमा नहीं किए गए तो संबंधित व्यक्ति का नाम मतदाता सूची से हट सकता है।
अफवाहों से बढ़ा डर
इसी तरह की बातों के कारण कई लोगों में यह भय पैदा हो गया है कि मतदाता सूची में नाम नहीं रहने से उनकी नागरिकता पर सवाल उठ सकते हैं या सरकारी योजनाओं का लाभ प्रभावित हो सकता है। हालांकि प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अफवाहों पर विश्वास न करें और किसी भी सूचना की पुष्टि अधिकृत स्रोतों से ही करें।
प्रशासन की अपील
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि SIR फॉर्म केवल चुनाव आयोग द्वारा अधिकृत अधिकारियों अथवा संबंधित बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) से ही प्राप्त करें। आवेदन भी निर्धारित प्रक्रिया के तहत ही जमा करें। किसी भी व्यक्ति को फॉर्म या प्रक्रिया के नाम पर अनावश्यक राशि न दें।
यदि कहीं भी फॉर्म भरवाने या दस्तावेज जमा कराने के नाम पर अवैध वसूली अथवा ठगी की जानकारी मिले, तो इसकी सूचना तुरंत संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों या चुनाव विभाग को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।




