Dumri (Giridih) News: जहां पूरी दुनिया नए साल के जश्न की तैयारियों में डूबी है, वहीं डुमरी के विधायक जयराम कुमार महतो साल के आखिरी दिन भी जनसेवा की पिच पर डटे नजर आए।

डुमरी में ‘टाइगर’ का जनता दरबार, साल के आखिरी दिन अधिकारियों की लगी क्लास

बुधवार को डुमरी प्रखंड के कोरियारी स्थित अपने वर्तमान आवास पर विधायक ने ‘जनता दरबार’ का आयोजन किया। यह महज एक औपचारिक मुलाकात नहीं थी, बल्कि शिकायतों के त्वरित निपटारे का एक सक्रिय मंच साबित हुआ।

सुबह से ही कोरियारी आवास के बाहर ग्रामीणों की भारी भीड़ जुटने लगी थी। डुमरी विधानसभा के सुदूरवर्ती इलाकों से आए बुजुर्ग, महिलाएं और युवा अपनी फाइलें हाथों में लिए विधायक के इंतजार में थे। जैसे ही जयराम महतो जनता के बीच पहुंचे, शिकायतों की झड़ी लग गई। किसी को वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिल रही थी, तो कोई खराब ट्रांसफार्मर और जर्जर सड़कों से परेशान था। भूमि विवाद और प्रधानमंत्री आवास योजना में हो रही देरी के मामले भी प्रमुखता से सामने आए।

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विधायक महतो ने ‘जनता दरबार’ में पारंपरिक राजनीति से हटकर काम किया। उन्होंने न सिर्फ लोगों की बातें सुनीं, बल्कि कई गंभीर मामलों में मौके पर ही संबंधित विभागों के अधिकारियों (CO, BDO और बिजली विभाग के इंजीनियरों) को फोन लगा दिया। कड़े लहजे में अधिकारियों को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा, “जनता का काम रुकना नहीं चाहिए। अगर योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्ति तक नहीं पहुंच रहा, तो यह विभाग की विफलता है।”

विधायक ने मीडिया से बात करते हुए कहा, “जनता का विश्वास ही हमारी असली ताकत है। चुनाव जीतना सिर्फ एक प्रक्रिया है, असली कर्तव्य उनकी आवाज़ को मजबूती से उठाना और समाधान दिलाना है। साल का अंतिम दिन हो या नया साल, हमारा संकल्प ग्रामीणों की सेवा ही है।”

वहां मौजूद ग्रामीणों के चेहरे पर संतोष साफ़ झलक रहा था। स्थानीय निवासी सोहन महतो ने कहा, “अक्सर जनप्रतिनिधि जीतने के बाद गायब हो जाते हैं, लेकिन जयराम बाबू ने साल के आखिरी दिन हमें समय देकर यह साबित कर दिया कि वे हमारे साथ खड़े हैं।” इस कार्यक्रम के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधि और जेएलकेएम (JLKM) के कार्यकर्ता भी मुस्तैद रहे, जिससे पूरा माहौल एक जीवंत लोकतांत्रिक संवाद में बदल गया।

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