India News: 2024 के लोकसभा चुनाव के बाद उप्र भाजपा में विवादों का सिलसिला लगातार बढ़ा है। चुनाव के बीच और उसके बाद मुजफ्फरनगर में केंद्रीय मंत्री संजीव बालियान और संगीत सोम के बीच की तल्खियां जगजाहिर रहीं। लड़ाई खुले में हुई। आरोप-प्रत्यारोप लगे। अलीगढ़ में सांसद सतीश गौतम और पूर्व मंत्री जयवीर सिंह के बीच भी पाले खिंचे। यहां संगठन के कई चेहरे भी सांसद के निशाने पर रहे। कइयों पर कार्रवाई भी हुई। एक और विधायक व सांसद में भी यहां टकराव रहा।
कैसरगंज के पूर्व सांसद ब्रजभूषण शरण सिंह के तेवर भी गाहे-बगाहे पार्टी को असहज कर रहे हैं। कभी मुलायम की तारीफ तो कभी अपनी ही सरकार को वे निशाने पर लेते रहे हैं। उनका हालिया बयान पूजा पाल के सपा से निष्कासन के फैसले को सही ठहराने वाला रहा। देवरिया में हाल ही में एक जमीनी विवाद चर्चित रहा। इसमें एक राज्यमंत्री के खिलाफ पार्टी के तमाम स्थानीय नेता राज्यमंत्री के विरोध में खड़े नजर आए। धरना-प्रदर्शन तक हुए। आगरा की सीकरी लोकसभा सीट भी हॉट रही।
चुनाव के बीच फतेहपुर सीकरी और बाह में सांसद और विधायकों के बीच खुली मोर्चेबंदी देखी गई। चिंगारी अभी भी सुलग रही है। फिर आगरा में सांसद और मंत्री के बीच भी एक जमीनी विवाद को लेकर टकराव की गूंज लखनऊ और दिल्ली तक सुनाई गई। एटा भी तत्कालीन सांसद-विधायक के टकराव से अछूता न रहा। मथुरा में कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण ने रालोद के साथ पर सवाल उठाए। भाजपा नेतृत्व को हस्तक्षेप करना पड़ा। प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी ने इसे मंत्री की निजी राय करार दिया। फतेहपुर में जिलाध्यक्ष पर गंभीर आरोप लगे। जांच हुई। मगर महीनों बाद भी पार्टी कोई फैसला नहीं ले पाई।
ताजा मामला कानपुर देहात का रहा। राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला के पति अनिल शुक्ल वारसी अकबरपुर के सांसद देवेंद्र सिंह उर्फ भोले सिंह पर हमलावर रहे। दो पूर्व जिलाध्यक्षों ने तो बाकायदा प्रेसवार्ता कर वारसी पर आरोप लगाए। विवाद में मंत्री पति वारसी व दोनों पूर्व जिलाध्यक्षों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। अब सड़क की शिकायत को लेकर राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला और मिश्रिक के सांसद अशोक रावत के बीच मामला शिकवे-शिकायत और नोटिसबाजी तक पहुंच गया है। इन सारे विवादों पर पार्टी का कोई नेता अधिकृत रूप से कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। पार्टी के एक नेता ने नाम न छापने की शर्त पर इतना जरूर कहा कि अनुशासनहीनता के मामले बढ़ रहे हैं।



