Close Menu
Public AddaPublic Adda
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • यूपी
  • राजनीति
  • स्पोर्ट्स
  • सोशल
  • अन्य
Facebook X (Twitter) Instagram
Public AddaPublic Adda

  • Home
  • India
  • World
  • States
    • Jharkhand
    • Bihar
    • Uttar Pradesh
  • Politics
  • Sports
  • Social/Interesting
  • More Adda
Public AddaPublic Adda
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • यूपी
  • राजनीति
  • स्पोर्ट्स
  • सोशल
  • अन्य
Home»World»हवाई के घने जंगलों में ड्रोन से गिराए मच्छरों से भरे बायोडिग्रेडेबल पॉड
World

हवाई के घने जंगलों में ड्रोन से गिराए मच्छरों से भरे बायोडिग्रेडेबल पॉड

By Samsul HaqueJuly 28, 20253 Mins Read
Facebook Twitter WhatsApp Threads Telegram
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email Telegram WhatsApp Threads Copy Link

अपनी भाषा चुनेें :

बटन दबाकर थोड़ा इंतज़ार करें...

World News: हवाई के घने जंगलों में आसमान से ड्रोन के जरिए छोटे-छोटे बायोडिग्रेडेबल पॉड्स गिराए गए। हर एक पॉड में करीब एक हजार मच्छर थे, लेकिन ये मच्छर इंसानों को काटने वाले नहीं, बल्कि खास लैब में तैयार किए गए नर मच्छर थे। इन मच्छरों के अंदर एक ऐसा बैक्टीरिया था, जो मादा मच्छरों से मिलने के बाद अंडों को फूटने नहीं देता है। इस खास तकनीक का मकसद है हवाई की लुप्त होती चिड़ियों को बचाना।

लुप्त होती हनीक्रीपर चिड़ियों को बचाने मच्छरों के अंदर डाला बैक्टीरिया

हवाई की सुंदर और रंग-बिरंगी चिड़ियां जैसे ‘हनीक्रीपर’ कभी बहुत संख्या में पाई जाती थीं, लेकिन आज इनकी संख्या घट रही है। पहले हनीक्रीपर की 50 से ज्यादा प्रजातियां थीं, लेकिन अब सिर्फ 17 ही बची हैं और उनमें से ज़्यादातर संकट में हैं। इन चिड़ियों का पर्यावरण में बड़ा रोल है। ये फूलों से पराग फैलाती हैं और बीजों को भी एक जगह से दूसरी जगह ले जाती हैं। पिछले साल एक छोटी सी चिड़िया ‘आकिकिकी’ जंगलों से करीब खत्म हो गई और अब ‘अकेके’ नाम की एक और प्रजाति के सिर्फ 100 से कम पक्षी बचे हैं। इनका मरना सिर्फ पर्यावरण के लिए नहीं, बल्कि हवाई की सांस्कृतिक पहचान के लिए भी बड़ा नुकसान है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक इन चिड़ियों के गायब होने के पीछे सबसे बड़ा कारण है एवियन मलेरिया यानी पक्षियों को होने वाला मलेरिया। ये बीमारी मच्छरों के ज़रिए फैलती है। दरअसल मच्छर हवाई में पहले नहीं थे। 1826 में पहली बार जब व्हेल पकड़ने वाले जहाज यहां आए, तो उनके साथ मच्छर भी यहां पहुंच गए। तब से ये मच्छर वहां के वातावरण में मौजूद हैं और चिड़ियों के लिए खतरा बन गए हैं, क्योंकि इन चिड़ियों के शरीर में इस बीमारी से लड़ने की ताकत नहीं थी। पहले चिड़ियां मच्छरों से बचने के लिए पहाड़ों की ऊंचाई पर चली गईं, जहां ठंड होने की वजह से मच्छर नहीं पहुंचते थे, लेकिन अब जलवायु परिवर्तन यानी ग्लोबल वॉर्मिंग की वजह से ऊंचे पहाड़ों पर भी तापमान बढ़ रहा है और मच्छर वहां तक पहुंचने लगे हैं।

पक्षियों को बचाने के लिए जून में वैज्ञानिकों ने तकनीक पर काम किया। इसमें नर मच्छरों के अंदर एक बैक्टीरिया डाला जाता है। ये मच्छर जब जंगल की मादा मच्छरों से मेल करते हैं, तो उनके अंडे नहीं फूटते। इससे धीरे-धीरे मच्छरों की संख्या घटने लगती है। 2016 में अमेरिकन बर्ड कंटरवर्सी और बर्डस् नॉट मास्किटो नाम के संगठन ने इस तकनीक पर रिसर्च की। कैलिफोर्निया की एक लैब में लाखों मच्छर तैयार किए गए और फिर उन्हें हवाई के माउई और कौआई द्वीपों में छोड़ा गया। हर हफ्ते करीब 10 लाख मच्छर छोड़े जा रहे हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक पहाड़ी और दुर्गम इलाकों में हेलिकॉप्टर से मच्छर छोड़ना महंगा और मुश्किल था। इसीलिए अब ड्रोन का इस्तेमाल किया जा रहा है। यह तरीका सस्ता, सुरक्षित और मौसम के मुताबिक ज्यादा लचीला है। ड्रोन के ज़रिए मच्छर उन जगहों पर छोड़े जा रहे हैं जहां हेलिकॉप्टर नहीं पहुंच सकते हैं।

WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now
Follow on Google News
Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp Threads Copy Link

Related Posts

नर्स बनाना चाहती थीं सनी लियोनी, पुरानी पहचान को पीछे छोड़ बनाई करोड़ों दिलों में जगह

May 12, 2026

हैती में ‘गैंग वॉर’ से हाहाकार: राजधानी पोर्ट-औ-प्रिंस से जान बचाकर भाग रहे हजारों लोग

May 12, 2026

फिलीपींस में राजनीतिक भूचाल: उपराष्ट्रपति सारा डुटरटे के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पारित

May 12, 2026

RECENT ADDA.

कोडरमा में कपड़ों के गोदाम में भीषण आग, 40 लाख का नुकसान

May 12, 2026

हिंदपीढ़ी में नशे के ‘होलसेल’ धंधे का भंडाफोड़, महिला समेत 6 गिरफ्तार

May 12, 2026

जमशेदपुर में सजा भव्य कवयित्री सम्मेलन, कविता और संस्कृति में डूबे लोग

May 12, 2026

चाईबासा में रोजगार और कौशल विकास योजनाओं की समीक्षा, DC ने दिए बड़े निर्देश

May 12, 2026

चाईबासा में पेट्रोल-डीजल खत्म होने की अफवाह, पंपों पर लगी लंबी कतारें

May 12, 2026
Today’s Horoscope

Recent Posts

  • कोडरमा में कपड़ों के गोदाम में भीषण आग, 40 लाख का नुकसान
  • हिंदपीढ़ी में नशे के ‘होलसेल’ धंधे का भंडाफोड़, महिला समेत 6 गिरफ्तार
  • जमशेदपुर में सजा भव्य कवयित्री सम्मेलन, कविता और संस्कृति में डूबे लोग
  • चाईबासा में रोजगार और कौशल विकास योजनाओं की समीक्षा, DC ने दिए बड़े निर्देश
  • चाईबासा में पेट्रोल-डीजल खत्म होने की अफवाह, पंपों पर लगी लंबी कतारें

Recent Comments

No comments to show.
© 2026 Public Adda. Designed by Launching Press.
  • About
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • DMCA
  • Adsense

Home

News

Web Stories Fill Streamline Icon: https://streamlinehq.com

Web Stories

WhatsApp

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.