Ranchi News: झारखंड भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने राज्य की अपराध जांच विभाग (CID) की कार्यप्रणाली को लेकर फिर से सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से सख्त कार्रवाई करने की मांग की है और कहा है कि विभाग में भ्रष्टाचार की गहरी जड़ें हैं।
नशे के कारोबार में मिली सेंध पर सवाल
. @HemantSorenJMM जी, हमने बार-बार आपको बताया है, चेतावनी भी दी है कि आपके प्रशासन में भ्रष्टाचार की जड़ें कितनी गहरी हो चुकी हैं। आपका सीआईडी विभाग क्या गुल खिला रहा है, इस विषय में भी कई बार आपको अवगत करा चुके हैं।
गत वर्ष गुजरात पुलिस की सूचना के बाद धनबाद के बरवाअड्डा में…
— Babulal Marandi (@yourBabulal) October 4, 2025
मरांडी ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा कि CID द्वारा पिछले साल धनबाद के बरवाअड्डा में जब्त किए गए प्रतिबंधित कफ सिरप के मामले में 14 महीने बीत जाने के बावजूद कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। उन्होंने इस जानलेवा नशे को युवाओं तक पहुंचाने वाले लोगों की संरक्षण की बात उठाई और पूछा कि क्या बच्चों तक नशा पहुंचाने वालों को छोड़ दिया जाएगा?
भ्रष्टाचार और जांच की सुस्ती
मरांडी ने आरोप लगाया कि CID अक्सर पेपर लीक, जमीन घोटाला और नशे के कारोबारियों को बचाने में लगाई जा रही है। उन्होंने कहा कि CID की कार्यशैली पर अब न केवल जनता बल्कि न्यायालय भी सवाल उठा रहा है। उनके अनुसार सरकार की संवेदनहीनता इस गंभीर समस्या को और बढ़ा रही है।
जांच तेज करने और सार्वजनिक करने की मांग
बाबूलाल ने मुख्यमंत्री पर दबाव बनाया है कि वे जांच को पारदर्शी और तेज बनाने के लिए ठोस कदम उठाएं। उन्होंने नशे व भ्रष्टाचार से जुड़ी सभी शिकायतों की सार्वजनिक जांच कराई जाने की अपील की ताकि सच्चाई सामने आ सके और दोषियों को सजा मिले।
जनता में बढ़ता असंतोष
मरांडी के आरोपों के बाद राजनीतिक हलकों में इसके प्रभाव और प्रशासन की जवाबदेही पर चर्चा तेज हो गई है। आम जनता भी इस मामले में सुधार की उम्मीद कर रही है।



