Health Adda: पुरुषों के शरीर में उम्र बढ़ने के साथ होने वाला एक आनुवंशिक बदलाव कैंसर के शुरुआती जोखिम से जुड़ा हो सकता है। अमेरिका की यूनिवर्सिटी ऑफ एरिजोना के वैज्ञानिकों ने अपने हालिया अध्ययन में पाया है कि पुरुषों की कोशिकाओं से वाई (Y) क्रोमोसोम का गायब होना (Loss of Y – LOY) ट्यूमर पनपने से पहले के जैविक बदलावों का संकेत दे सकता है। शोधकर्ताओं ने 405 पुरुषों के 11 प्रमुख अंगों से लिए गए लगभग 1,000 ऊतक नमूनों और 43 लाख से अधिक कोशिका केंद्रकों की जांच के बाद यह निष्कर्ष निकाला है।
सामान्य दिखने वाले ऊतकों में भी मिला बदलाव
अध्ययन की सबसे अहम बात यह सामने आई कि वाई क्रोमोसोम का नुकसान केवल कैंसर कोशिकाओं तक सीमित नहीं था, बल्कि ट्यूमर के आसपास मौजूद सामान्य दिखने वाले ऊतकों में भी दर्ज किया गया। शोध में विशेष रूप से 65 वर्ष से अधिक उम्र के पुरुषों में इसके सबसे ज्यादा संकेत मिले हैं। जांच के दौरान कोलन, रेक्टल, भोजन नली (Esophagus), अग्न्याशय (Pancreas) और फेफड़ों के कैंसर के आसपास मौजूद ऊतकों में भी वाई क्रोमोसोम के नुकसान के स्पष्ट प्रमाण मिले हैं।
प्रतिरक्षा प्रणाली कमजोर होने की आशंका
वैज्ञानिकों का मानना है कि वाई क्रोमोसोम सिर्फ प्रजनन और शारीरिक विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका सीधा संबंध शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immune System) से भी हो सकता है। जब कोशिकाओं से वाई क्रोमोसोम गायब होता है, तो आशंका है कि प्रतिरक्षा प्रणाली की असामान्य कोशिकाओं को पहचानने और उन पर प्रतिक्रिया करने की क्षमता धीमी पड़ जाती है। यह स्थिति कैंसर कोशिकाओं के पनपने के लिए एक अनुकूल माहौल तैयार कर सकती है।
सीधा कारण नहीं, पर जांच के खुलेंगे नए रास्ते
शोधकर्ता यह साफ कर रहे हैं कि वाई क्रोमोसोम का कम होना कैंसर का सीधा या निश्चित कारण नहीं है। इसे अभी बीमारी का पक्का संकेत नहीं माना जा सकता, क्योंकि कारण और प्रभाव के सटीक संबंध को समझने के लिए बड़े स्तर पर आगे की रिसर्च जारी है। हालांकि, उम्रदराज पुरुषों में यह खोज भविष्य में बीमारी के शुरुआती जोखिम की पहचान और स्क्रीनिंग के नए रास्ते जरूर खोल सकती है।




