खूंटी : कर्रा प्रखंड मुख्यालय स्थित हाईस्कूल मैदान में रविवार को सरना जागृति एवं विकास मंच के द्वारा प्रखंड स्तरीय करमा पर्व पूर्व संध्या कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रखंड के कई गांवों से आदिवासी नृत्य मंडलियां पारंपरिक वेशभूषा और वाद्ययंत्रों के साथ पहुंचीं। इस दौरान पारंपरिक गीत और नृत्य से पूरा परिसर गुलजार रहा।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि खूंटी विधायक रामसूर्य मुंडा और विशिष्ट अतिथि पूर्व विधि मंत्री देव कुमार धान शामिल हुए। विधायक रामसूर्य मुंडा ने कहा कि समाज को अपनी भाषा, संस्कृति, रीति-रिवाज और परंपराओं को बनाए रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि पूर्वजों से चली आ रही प्रकृति पूजा की परंपरा को नई पीढ़ी तक पहुंचाना सभी की जिम्मेदारी है।
पूर्व विधि मंत्री देव कुमार धान ने कहा कि करमा पर्व कृषि और प्रकृति से जुड़ा महत्वपूर्ण पर्व है। उन्होंने पर्व की परंपराओं और मान्यताओं के बारे में जानकारी दी और पारंपरिक गीत भी प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम की शुरुआत हंसबेड़ा के सोमरा द्वारा करम डाली की पूजा से हुई। इस दौरान गांव-घर और पूर्वजों को याद किया गया। छुनकू मुंडा ने करमा पर्व की कहानी सुनाते हुए अच्छे और बुरे कर्मों के परिणाम के बारे में बताया। इसके बाद विभिन्न खोड़हा मंडलियों ने पारंपरिक नृत्य प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में अध्यक्ष सनिका मुंडा, उपाध्यक्ष अनूप कुजूर, कोषाध्यक्ष जयमंगला मुंडा, सचिव जीता मिंज समेत रंजन संगा, बुंदों मुड़ाईन, गुडूवा हेरेंज और स्थानीय युवक-युवतियों व ग्रामीणों का सहयोग रहा।
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