New Delhi: राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर सोमवार देर रात प्रदर्शनकारी एक बार फिर जुट गए। इससे कुछ घंटे पहले पुलिस ने संसद मार्च के बाद प्रदर्शन स्थल खाली कराया था। देर रात समर्थकों के दोबारा पहुंचने के बाद वहां अस्थायी मंच तैयार किया गया और प्रदर्शन फिर शुरू करने का दावा किया गया। प्रदर्शन के दौरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई। मौके पर सुरक्षा व्यवस्था पहले से अधिक कड़ी रखी गई।
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आंदोलन जारी रखने का दावा
आंदोलन का नेतृत्व कर रहे अभिजीत दीपके ने दावा किया कि प्रदर्शन फिलहाल समाप्त नहीं किया जाएगा। उनके अनुसार, प्रदर्शनकारी अपनी तीन प्रमुख मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं और जब तक इन मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक धरना जारी रहेगा। उन्होंने यह भी दावा किया कि अगले दिन संसद की ओर फिर मार्च निकालने की कोशिश की जाएगी।
संसद मार्च के बाद बढ़ाई गई सुरक्षा
सोमवार को बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारियों ने संसद की ओर मार्च करने का प्रयास किया। इसके बाद पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी और जंतर-मंतर तथा संसद मार्ग के आसपास अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया। संवेदनशील क्षेत्रों में बैरिकेडिंग भी की गई ताकि कानून-व्यवस्था बनाए रखी जा सके।
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ऐतिहासिक दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं
मूल रिपोर्ट में यह दावा किया गया है कि हालिया प्रदर्शन के दौरान भीड़ संसद परिसर के प्रवेश द्वार तक पहुंची और इसे पिछले 14 वर्षों की पहली ऐसी घटना बताया गया। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है, इसलिए इसे स्थापित तथ्य के रूप में प्रस्तुत नहीं किया जा सकता। इसी प्रकार, प्रदर्शन के आयोजकों की ओर से किए गए अन्य दावों को भी उनके दावे के रूप में ही देखा जाना चाहिए।





