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Washington, (US): अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कुख्यात अपराधी जेफ्री एपस्टीन के साथ अपने संबंधों को लेकर चल रही चर्चाओं पर कड़ा रुख अपनाया है। व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने स्पष्ट किया कि हालिया सार्वजनिक किए गए दस्तावेज उनके पक्ष में हैं। उन्होंने दावा किया कि ये फाइलें साबित करती हैं कि एपस्टीन उन्हें राजनीतिक रूप से बदनाम करने और चुनाव में नुकसान पहुँचाने की एक बड़ी साजिश का हिस्सा था।
‘कभी नहीं गया एपस्टीन के आइलैंड पर’
ट्रंप ने उन मीडिया रिपोर्ट्स और दावों को पूरी तरह खारिज कर दिया जिनमें कहा गया था कि उन्होंने एपस्टीन के निजी द्वीप पर समय बिताया था। ग्रैमी अवॉर्ड्स के होस्ट ट्रेवर नोआ का ज़िक्र करते हुए ट्रंप ने कहा, “यह सरासर झूठ है। मैं कभी भी एपस्टीन के आइलैंड पर नहीं गया। मेरा उससे कोई व्यक्तिगत संबंध नहीं रहा है।” ट्रंप ने लेखक माइकल वोल्फ और एपस्टीन पर मिलकर उनके खिलाफ प्रोपेगेंडा चलाने का आरोप लगाया।
डेमोक्रेटिक पार्टी पर पलटवार
राष्ट्रपति ट्रंप ने इस पूरे विवाद को लेकर डेमोक्रेटिक पार्टी को घेरे में लिया। उन्होंने कहा कि डेमोक्रेट्स इस मुद्दे को उनके खिलाफ इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन अब यह दांव उन्हीं पर उल्टा पड़ रहा है। ट्रंप के मुताबिक, सार्वजनिक हुए 30 लाख से ज्यादा दस्तावेजों में कई ऐसे प्रभावशाली नाम हैं जिनका संबंध डेमोक्रेटिक पार्टी से है।
जस्टिस डिपार्टमेंट की फाइलों से मची खलबली
अमेरिकी न्याय विभाग ने हाल ही में जेफ्री एपस्टीन से जुड़े 30 लाख पन्नों के दस्तावेज, 2000 वीडियो और लाखों तस्वीरें सार्वजनिक की हैं। इन फाइलों ने अमेरिकी राजनीति, वित्त और मनोरंजन जगत में भूचाल ला दिया है। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर भी लिखा कि ये दस्तावेज इस बात की पुष्टि करते हैं कि वे कभी एपस्टीन के करीबी नहीं रहे, बल्कि वे एक गहरी साजिश का शिकार बनाए जा रहे थे।
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