Hazaribagh: सदर प्रखंड के ओरिया गांव में शुक्रवार को मुहर्रम का त्योहार सांप्रदायिक सौहार्द, आपसी भाईचारे और गंगा-जमुनी तहजीब के साथ मनाया गया। मुहर्रम जुलूस के दौरान हिंदू और मुस्लिम समुदाय के लोगों ने मिलकर सामाजिक एकता और भाईचारे की मिसाल पेश की। इस अवसर पर हिंदू समाज के लोगों ने मुस्लिम भाइयों का गर्मजोशी से स्वागत कर आपसी प्रेम और सद्भाव का संदेश दिया। मुहर्रम जुलूस में ढोल-ताशों की गूंज, ताजिया खेल और पारंपरिक अस्त्र-शस्त्र के प्रदर्शन ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया। पूरे आयोजन के दौरान दोनों समुदायों के लोग एक साथ नजर आए और सामाजिक समरसता का परिचय दिया।
हिंदू समाज ने किया जुलूस का स्वागत
मुहर्रम जुलूस के दौरान हिंदू समाज के लोगों ने मुस्लिम समुदाय के लोगों को पगड़ी पहनाकर, माला पहनाकर और गले लगाकर मुहर्रम की शुभकामनाएं दीं। स्वागत के लिए कोल्ड ड्रिंक, पानी, बिस्कुट और फूलमाला की भी व्यवस्था की गई। इस दौरान दोनों समुदायों के लोगों ने एक-दूसरे को भाईचारे और सद्भाव का संदेश दिया। कार्यक्रम का संचालन रिटायर्ड फुटबॉल क्लब हजारीबाग के सचिव एवं समाजसेवी अभय शंकर पासवान ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन विनय कुमार यादव ने दिया।
26 वर्षों से निभाई जा रही है भाईचारे की परंपरा
समाजसेवी अभय शंकर पासवान ने बताया कि ओरिया में मुहर्रम के अवसर पर हिंदू समाज द्वारा मुस्लिम भाइयों के स्वागत की यह परंपरा पिछले 26 वर्षों से लगातार निभाई जा रही है। यह परंपरा सामाजिक सौहार्द और आपसी विश्वास का प्रतीक बन चुकी है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन समाज में प्रेम, भाईचारा और एकता की भावना को मजबूत करते हैं तथा नई पीढ़ी को भी सामाजिक समरसता का संदेश देते हैं।
बड़ी संख्या में दोनों समुदायों के लोग रहे मौजूद
कार्यक्रम में गिरिजा राम पासवान, रविचंद्र पासवान, उदय शंकर पासवान, प्रमोद कुमार पासवान, विनय कुमार यादव, अभय शंकर पासवान, विकास कुमार पासवान, हरेंद्र कुमार, विशाल कुमार, अनिल कुमार पासवान, तपेश्वर मुन्ना पासवान, धर्मचंद पासवान, दीपक कुमार, बाबूलाल राम, शैलेश कुमार पासवान, नवीन कुमार, राजेश कुमार, प्रदीप कुमार पासवान, शशि कुमार सहित कई लोग उपस्थित रहे। वहीं मुस्लिम समुदाय की ओर से ओरिया अंजुमन के सदर महजीद अंसारी, सेक्रेटरी जलील अंसारी, खलीफा शौकत अली, मोहम्मद मुस्तकीम अंसारी, महबूब आलम, आशिक हुसैन, रमजान अली, मोहम्मद इस्लाम, गुलाम जिलानी, मोहम्मद सरफराज, फूल मोहम्मद, मुजफ्फर अली, मोहम्मद समसुल, मोहम्मद यूसुफ सहित बड़ी संख्या में लोग कार्यक्रम में शामिल हुए।
