Patna: पूर्वी चंपारण जिले में घोड़ासहन शाखा नहर के किलोमीटर 27.49 पर दायें तटबंध के क्षतिग्रस्त होने के बाद सिंचाई विभाग ने मरम्मत कार्य युद्धस्तर पर शुरू कर दिया है। विभाग के अनुसार, लगातार हो रही बारिश और नेपाल के जलग्रहण क्षेत्र में भारी वर्षा के कारण नहर से जुड़ी औरिया, तिलावे सहित अन्य जलधाराओं का जलस्तर अचानक बढ़ गया। इसके चलते नहर में सामान्य से अधिक जलप्रवाह हुआ और पुराने आउटलेट के समीप तटबंध को नुकसान पहुंचा।
रात में मिली सूचना, तुरंत शुरू हुई कार्रवाई
घोड़ासहन नहर प्रमंडल, रक्सौल के कार्यपालक अभियंता द्वारा जारी प्रतिवेदन के अनुसार, अभियंताओं की लगातार निगरानी के दौरान रात में तटबंध की मिट्टी धंसने और ब्रीच होने की जानकारी मिली। सूचना मिलते ही वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया और तत्काल नहर का जलप्रवाह शून्य करते हुए आवश्यक रेगुलेटर खोल दिए गए। इसके साथ ही क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत का कार्य तत्काल शुरू कर दिया गया।
किसानों और आवागमन पर नहीं पड़ा बड़ा असर
सिंचाई विभाग ने बताया कि तटबंध क्षतिग्रस्त होने के बावजूद आवागमन प्रभावित नहीं हुआ है, क्योंकि मुख्य सड़क दायें तटबंध पर पूरी तरह सुरक्षित है। वहीं, खेतों में पहुंचा पानी आगे नदी की ओर प्रवाहित हो रहा है, जिससे किसानों की फसलों को किसी बड़े नुकसान की आशंका नहीं है।
जल्द बहाल होगी नहर की जलापूर्ति
विभाग के अनुसार, क्षतिग्रस्त हिस्से को बंद कर तटबंध को मजबूत करने का कार्य तेजी से किया जा रहा है। लक्ष्य है कि अगले दिन दोपहर तक मरम्मत कार्य पूरा कर लिया जाए और शाम से नहर में फिर से जलापूर्ति शुरू कर दी जाए।




