India News: छत्तीसगढ़ में सुरक्षाबलों को नक्सल विरोधी अभियान में एक और बड़ी सफलता मिली है। शुक्रवार को गरियाबंद जिले के मैनपुर थाना क्षेत्र से सटे पंडरीपानी इलाके में सुरक्षाबलों ने नक्सलियों द्वारा छिपाया गया आठ लाख रुपये नकद, हथियारों का जखीरा और नक्सली साहित्य बरामद किया। इस सफलता से यह स्पष्ट हो गया कि सुरक्षाबल लगातार नक्सलियों के नेटवर्क को नष्ट करने में कामयाब हो रहे हैं, और उनके छिपाए गए धन, हथियारों और अन्य संसाधनों को एक के बाद एक खोजकर जब्त कर रहे हैं।
गरियाबंद के एसपी निखिल राखेचा ने मीडिया को बताया कि सुरक्षाबलों को पंडरीपानी के पहाड़ी इलाके में नक्सलियों के छिपाए गए धन के बारे में सूचना मिली थी। इसके बाद, एसपी के निर्देश पर जिला पुलिस, कोबरा बटालियन और सीआरपीएफ की एक संयुक्त टीम, जिसमें बीडीएस टीम भी शामिल थी, ने सर्चिंग ऑपरेशन चलाया। 20 मार्च को टीम ने बताए गए स्थान पर पहुंचकर खुदाई की और एक सफेद बोरी बरामद की। इस बोरी में टिफिन के डिब्बे में आठ लाख रुपये नकद, 13 जिलेटिन की छड़ें और नक्सल साहित्य समेत कई अन्य सामग्री पाई गई।
यह अभियान नक्सलियों के खिलाफ चलाए जा रहे व्यापक ऑपरेशन का हिस्सा है। गरियाबंद पुलिस और सुरक्षाबलों ने पहले भी कई सफल अभियानों को अंजाम दिया है, जिनमें बड़ी संख्या में नक्सली मारे गए और आत्मसमर्पण भी हुए। जनवरी 2025 में हुई मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने सेंटर कमेटी सदस्य चलपति समेत 16 नक्सलियों को मार गिराया था। इसके बाद फरवरी में कई नक्सली हथियारों को नष्ट किया गया, और मार्च में तीन नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया था।
पंडरीपानी से बरामद नकद राशि और हथियारों का जखीरा नक्सलियों के वित्तीय और सैन्य नेटवर्क को कमजोर करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। पुलिस अब इस राशि के स्रोत की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि यह धन किसने नक्सलियों को दिया था। इस सफलता से यह साबित होता है कि सुरक्षाबल नक्सलियों के खिलाफ अपनी रणनीति को और अधिक प्रभावी बना रहे हैं, और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में शांति कायम करने की दिशा में ठोस कदम उठा रहे हैं।