Patna: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बुधवार को आयोजित मंत्रिमंडल परिषद की बैठक में 11 महत्वपूर्ण एजेंडों पर अंतिम रूप से सहमति बनी। बैठक में राज्य के निजी BEd कॉलेजों को बहुविषयक डिग्री महाविद्यालय के रूप में विकसित करने, चार नगर निगम क्षेत्रों में कम्प्रेस्ड बायोगैस (CBG) प्लांट स्थापित करने समेत कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। मंत्रिमंडल में लिए गए निर्णयों की जानकारी मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग के सचिव मो. सोहेल ने सूचना भवन के सभाकक्ष में आयोजित प्रेस वार्ता में दी।
300 से अधिक निजी BEd कॉलेजों में अब पढ़ सकेंगे अन्य विषय
कैबिनेट ने राज्य में संचालित एकल निजी शिक्षण संस्थानों को बहुविषयक डिग्री महाविद्यालयों के रूप में विकसित किए जाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। वर्तमान में राज्यभर में ऐसे निजी BEd कॉलेजों की संख्या 300 से अधिक है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति, 2020 और राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (NCTE) के दिशा-निर्देशों के अनुरूप इन संस्थानों में BEd के साथ कला, विज्ञान, वाणिज्य तथा अन्य विषयों के स्नातक एवं कौशल आधारित पाठ्यक्रम संचालित किए जा सकेंगे। नए शैक्षणिक कार्यक्रमों का संचालन संबंधित विश्वविद्यालय, UGC, NCTE और राज्य सरकार की ओर से निर्धारित मानकों एवं आवश्यक स्वीकृतियों के अनुरूप होगा। सरकार का कहना है कि इस फैसले से विद्यार्थियों को अपने जिले या निकटवर्ती क्षेत्र में ही उच्च शिक्षा के अधिक अवसर मिलेंगे। इससे उच्च शिक्षा तक पहुंच बढ़ने के साथ राज्य के सकल नामांकन अनुपात (GER) में वृद्धि को भी प्रोत्साहन मिलेगा।
चार शहरों में लगाए जाएंगे CBG प्लांट
कैबिनेट ने गयाजी, भागलपुर, मुजफ्फरपुर और बिहारशरीफ नगर निगम क्षेत्रों में कम्प्रेस्ड बायोगैस (CBG) प्लांट स्थापित करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है। योजना के तहत इन नगर निगम क्षेत्रों में 10-10 एकड़ जमीन 25 वर्ष की लीज पर गेल, इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिन्दुस्तान पेट्रोलियम को दी जाएगी। CBG प्लांट में जैविक कचरे को नवीकरणीय ऊर्जा स्रोत में परिवर्तित किया जाएगा। इससे अपशिष्ट प्रबंधन के लिए स्थायी समाधान उपलब्ध कराने की योजना है।
कुशल युवा कार्यक्रम पांच साल के लिए बढ़ा
सात निश्चय-3 के निश्चय-1 ‘दोगुना रोजगार-दोगुना आय’ के तहत कुशल युवा कार्यक्रम को वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक अगले पांच वर्षों के लिए विस्तारित करने का निर्णय लिया गया है। योजना के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 में 430 करोड़ रुपये की अनुमानित राशि को मंजूरी दी गई है। इसके साथ ही राज्य के औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों की नामांकन प्रक्रिया में संशोधन तथा निजी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों की कुल स्वीकृत सीटों में से 50 प्रतिशत सीटों पर नामांकन बिहार संयुक्त प्रवेश प्रतियोगिता परीक्षा पर्षद के माध्यम से कराने की स्वीकृति दी गई है।
भारतनेट के लिए राइट ऑफ वे को मंजूरी
कैबिनेट ने संचार मंत्रालय के माध्यम से स्थापित भारतनेट के संदर्भ में राज्य सरकार के स्तर से राइट ऑफ वे प्रदान करने तथा इससे संबंधित त्रिपक्षीय समझौता एकरारनामा पर हस्ताक्षर करने का निर्णय लिया है। वहीं, PMCH समेत अन्य स्थानों पर बने बिजली उप-केंद्रों के संचालन के लिए 221 पदों के सृजन को मंजूरी दी गई है। इनमें कार्यपालक अभियंता, सहायक कार्यपालक अभियंता (GTO), कनीय विद्युत अभियंता समेत अन्य पद शामिल हैं।
प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना में राज्य सरकार देगी अतिरिक्त सहायता
प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत मुफ्त बिजली योजना में आवासीय उपभोक्ताओं को केंद्रांश के अतिरिक्त राज्य सरकार की ओर से 10 हजार रुपये प्रति किलोवाट और अधिकतम 20 हजार रुपये प्रति उपभोक्ता की अतिरिक्त सहायता DBT के माध्यम से दी जाएगी। इसके लिए एक वर्ष के लिए 1 हजार करोड़ रुपये के अनुमानित व्यय को मंजूरी दी गई है। इसके अलावा स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना 2026-2031 के सुदृढ़ीकरण और अगले पांच वर्षों के लिए 950 करोड़ रुपये के व्यय का प्रावधान किया गया है।
सैटेलाइट टाउनशिप की जमीन की खरीद-बिक्री पर लगी रोक हटी
कैबिनेट ने ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप क्षेत्रों में भूमि के क्रय-विक्रय और हस्तांतरण से संबंधित आदेश को भी मंजूरी दी है। विकास योजना के प्रारूप प्रकाशन के बाद बिहार नगर विकास प्राधिकरण के पास भूमि के क्रय-विक्रय या हस्तांतरण पर लगी रोक हटाने का अधिकार होगा। भूमि विकास और भवन निर्माण को संबंधित प्राधिकरण की विकास योजना एवं संबद्ध विकास नियंत्रण विनियम के तहत नियंत्रित किया जाएगा।





