Ranchi : सदर अनुमंडल दंडाधिकारी (एसडीओ) कोर्ट की ओर से 15 अधिवक्ताओं को जारी किए गए कारण बताओ नोटिस के विरोध में बुधवार को रांची के अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्यों का बहिष्कार किया। अधिवक्ता सिविल कोर्ट और एग्जीक्यूटिव कोर्ट की कार्यवाही से दूर रहे।
सुबह से ही कई अधिवक्ता नए बार भवन में पहुंचे, लेकिन उन्होंने अदालत में मामलों की पैरवी नहीं की। अधिवक्ताओं के इस कदम से कोर्ट पहुंचे कई मुवक्किलों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
बुधवार को बड़ी संख्या में लोग अपने मामलों की सुनवाई और कानूनी सलाह के लिए रांची सिविल कोर्ट पहुंचे थे। इनमें ग्रामीण क्षेत्रों से आए मुवक्किलों की संख्या अधिक थी। अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य में शामिल नहीं होने के कारण कई लोगों को बिना काम के वापस लौटना पड़ा।
मुवक्किलों ने बताया कि वे अपने जरूरी काम छोड़कर कोर्ट आए थे, लेकिन वकीलों के नहीं बैठने से उन्हें निराश होकर लौटना पड़ा।
रांची जिला बार एसोसिएशन की एडहॉक कमेटी के सदस्य संजय कुमार विद्रोही ने कहा कि आमसभा में लिए गए निर्णय के तहत सभी अधिवक्ता न्यायिक कार्य से दूर रहे। उन्होंने बताया कि यह फैसला अधिवक्ताओं के सम्मान और अधिकारों की रक्षा को लेकर लिया गया है।
उन्होंने कहा कि एसोसिएशन के निर्णय के समर्थन में अधिवक्ताओं से न्यायिक कार्य से दूरी बनाए रखने की अपील की गई थी।
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