रांची: झारखंड हाईकोर्ट ने जैन धर्म के पवित्र स्थल पारसनाथ पहाड़ के आसपास हुए निर्माण को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई की। चीफ जस्टिस एमएस सोनक और जस्टिस राजेश शंकर की खंडपीठ ने गिरिडीह डीसी को निर्माण कार्यों का निरीक्षण करने का निर्देश दिया है।
कोर्ट ने डीसी से यह भी पता लगाने को कहा है कि पारसनाथ पहाड़ के आसपास हुए निर्माण वैध हैं या अवैध। इस संबंध में डीसी को 3 सितंबर तक रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया गया है।
सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि पारसनाथ पहाड़ पर निर्माण को लेकर गिरिडीह डालसा की ओर से रिपोर्ट दाखिल की गई थी, लेकिन उसमें यह स्पष्ट नहीं किया गया था कि निर्माण वैध है या अवैध। अब मामले की अगली सुनवाई 10 सितंबर को होगी।
यह जनहित याचिका जैन संस्था ज्योत की ओर से दायर की गई है। याचिका में कहा गया है कि पारसनाथ पहाड़ जैन धर्मावलंबियों का पवित्र धार्मिक स्थल है। याचिका के अनुसार, केंद्र सरकार ने भी इस संबंध में अधिसूचना जारी की थी और कहा था कि पारसनाथ पहाड़ी पर होने वाले कार्य जैन धर्मावलंबियों की भावनाओं को ध्यान में रखकर किए जाएं।




