Madhepura: बिहार के मधेपुरा जिले के गम्हरिया प्रखंड स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय दाहा में शनिवार को मिड-डे मील (Madhepura Mid Day Meal) की खिचड़ी खाने के बाद करीब 60 बच्चों की तबीयत बिगड़ने की बात सामने आई है। बच्चों ने पेट दर्द, चक्कर और उल्टी-दस्त की शिकायत की, जिसके बाद अभिभावक उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गम्हरिया लेकर पहुंचे। फिलहाल सभी बच्चों की हालत सामान्य बताई जा रही है।
खिचड़ी खाने के बाद बच्चों की तबीयत बिगड़ी
बच्चों के अनुसार, खिचड़ी खाने के कुछ समय बाद उनकी तबीयत बिगड़ने लगी। इसके बाद कई बच्चों को पेट दर्द और चक्कर की शिकायत हुई। घटना की जानकारी मिलने के बाद बड़ी संख्या में अभिभावक अस्पताल पहुंचे। इससे कुछ देर के लिए अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
भोजन में छिपकली मिलने का दावा
कुछ छात्रों ने भोजन की थाली में मरी हुई छिपकली मिलने का दावा किया है। छात्रों के मुताबिक, उन्होंने इसकी जानकारी स्कूल की प्रभारी प्रधानाध्यापिका और रसोइया को दी थी। आरोप है कि इसके बाद खिचड़ी फेंक दी गई और स्कूल में छुट्टी कर दी गई। हालांकि, भोजन में वास्तव में छिपकली मिली थी या नहीं, इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
स्कूल की प्रभारी प्रधानाध्यापिका ने क्या कहा?
स्कूल की प्रभारी प्रधानाध्यापिका किरण कुमारी ने बताया कि बच्चों को खिचड़ी परोसी गई थी। बाद में कुछ बच्चों ने घर जाने के बाद पेट दर्द और चक्कर आने की शिकायत की। इसके बाद बच्चों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। स्कूल प्रशासन की ओर से भोजन में छिपकली मिलने की पुष्टि नहीं की गई है।
शिक्षा विभाग ने लिया संज्ञान
घटना की जानकारी मिलने के बाद शिक्षा विभाग ने मामले का संज्ञान लिया है। जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मिड-डे मील) रवि शास्त्री ने बताया कि सभी बच्चों की स्थिति सामान्य है। उन्होंने कहा कि विद्यालय की जांच कराई जाएगी। यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
जांच रिपोर्ट से स्पष्ट होगी वजह
घटना के बाद स्कूल में मिलने वाले मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता और साफ-सफाई व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं। अब जांच के बाद ही स्पष्ट होगा कि बच्चों की तबीयत बिगड़ने की वास्तविक वजह क्या थी और भोजन में किसी बाहरी वस्तु की मौजूदगी थी या नहीं।
बच्चों की हालत सामान्य
फिलहाल सभी बच्चों की स्थिति सामान्य बताई जा रही है। स्वास्थ्य विभाग और शिक्षा विभाग की ओर से मामले की जानकारी जुटाई जा रही है। जांच के निष्कर्ष के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।





