चैनपुर (गुमला): चैनपुर प्रखंड मुख्यालय क्षेत्र में शुक्रवार को सर्पदंश की दो अलग-अलग घटनाएं सामने आईं। राहत की बात यह रही कि दोनों मामलों में परिजनों ने तत्परता दिखाते हुए घायलों को बिना देर किए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, चैनपुर पहुंचाया, जहां समय पर उपचार मिलने से दोनों की हालत सामान्य बताई जा रही है।
पहली घटना जर्मी गांव की है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, जर्मी निवासी केंद्री देवी (60 वर्ष), पति विजय उरांव को सांप ने डंस लिया। घटना के बाद परिजनों ने किसी प्रकार के घरेलू उपचार या झाड़-फूंक का सहारा लेने के बजाय तुरंत उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, चैनपुर पहुंचाया। अस्पताल में चिकित्सकों ने उनका आवश्यक उपचार किया और कुछ समय तक निगरानी में रखा। चिकित्सकों के अनुसार समय पर अस्पताल पहुंचने के कारण उनकी स्थिति फिलहाल पूरी तरह सामान्य है।
दूसरी घटना बर्वेनगर गांव में हुई। मोबिन खान के 25 वर्षीय पुत्र सयुग आलम खान शुक्रवार सुबह लगभग 9:30 बजे अपने खेत में हल चला रहे थे। इसी दौरान खेत में मौजूद सांप ने उन्हें डंस लिया, जिससे उनकी तबीयत बिगड़ गई। घटना की सूचना मिलते ही परिजन उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, चैनपुर लेकर पहुंचे। अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उन्हें निगरानी में रखा। उपचार के बाद उनकी स्थिति में सुधार हुआ और फिलहाल उनकी हालत भी सामान्य बताई जा रही है।
चिकित्सकों ने बताया कि बारिश के मौसम में खेतों, झाड़ियों, लकड़ी के ढेर और जलभराव वाले क्षेत्रों में सांपों का निकलना सामान्य बात है। ऐसे में ग्रामीणों को विशेष सतर्कता बरतनी चाहिए। उन्होंने लोगों से अपील की कि यदि किसी व्यक्ति को सांप काट ले तो झाड़-फूंक, तंत्र-मंत्र या घरेलू उपचार में समय बर्बाद न करें, बल्कि मरीज को तुरंत निकटतम स्वास्थ्य केंद्र या अस्पताल पहुंचाएं। समय पर चिकित्सकीय उपचार मिलने से अधिकांश सर्पदंश के मामलों में मरीज की जान बचाई जा सकती है।




